जिला अस्पताल प्रशासन की लापरवाही से 12 लाख रुपये का बजट लैप्स हो गया है। इसमें सात लाख रुपये दवा खरीद के भी शामिल हैं। समय से धनराशि खर्च न होने की वजह से ऐसा हुआ है। जाहिर है कि बजट लैप्स होेने के कारण जिला अस्पताल में इस साल दवाओं की किल्लत होगी।
जिला अस्पताल प्रशासन की बजट खर्च करने को लेकर लापरवाही उजागर हो गई है। शासन ने पिछले वित्तीय वर्ष में जिला अस्पताल को दवाओं की खरीद के लिए सात लाख रुपये दिए थे। अस्पताल में दवाओं की किल्लत के बीच जिला अस्पताल ने यह बजट खर्च करना जायज नहीं समझा। अब दवा खरीद को आए सात लाख रुपये वापस हो गए। इतना ही नहीं कर्मचारियों के वेतन और ग्रेच्युटी का करीब पांच लाख रुपया भी वापस हो गया है। जिला अस्पताल के बाबुओं की लापरवाही से स्टाफ की ग्रेच्युटी भी फंस गई है। इस संबंध में बात करने पर सीएमएस डॉ. आरके टंडन ने बताया कि वह अवकाश पर थे। इस संबंध में जानकारी जुटाकर जरूरी कार्रवाई करेंगे।