बदायूं। जिले में चार दिन से रुक-रुककर हो रही बारिश ने लोगों को गर्मी से राहत पहुंचाई। बुधवार देर रात से शुरू हुई बारिश बृहस्पतिवार तड़के तक होती रही। शहर में सुबह 8.30 बजे पुरानी चुंगी के पास में बीच सड़क पर पेड़ गिरने से मुरादाबाद-फर्रुखाबाद और बरेली-मथुरा हाईवे पर आवागमन बंद हो गया। पुरानी चुंगी, टिकटगंज, नई सराय, श्यामनगर, लोची नगला की आपूर्ति ठप हो गई। दातागंज तिराहे से नवादा तक वाहनों की दो किलोमीटर लंबी कतार लग गई। वन विभाग की टीम ने पेड़ सड़क से हटवाया तब ढाई घंटे बाद पूर्वाह्न 11 बजे जाम खुल सका। वहीं थाना बिल्सी क्षेत्र के गांव गढ़ौली के रहने वाले चोखेलाल (52) बारिश के समय छत पर पड़ी पन्नी के नीचे पर सो रहे थे। सुबह करीब साढ़े छह बजे बिजली गिरने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। बारिश से बदायूं में तापमान घटा है। कुल 49 मिलीमीटर बारिश हुई है।
बदायूं शहर में आठ घंटे की बारिश में शहर की सड़कें जलमग्न हो गईं। राहगीरों को शाम तक राहत नहीं मिली। सड़क पर हुए जलभराव के गंदे पानी से होकर लोगों को निकलना पड़ा। कई बाइक सवार पानी में गिरने से भीगे और चोटिल भी हो गए। दुकानदार ग्राहकों के आने का इंतजार करते रहे, लेकिन सड़कों पर पानी अधिक होने से कम ग्राहक ही पहुंच सके।
शहर के लावेला से जोगीपुरा, गांधी ग्राउंड से छह सड़का, सुभाष चौक और नवादा से काली सड़क पर दो-दो फुट पानी भर गया। पैदल राहगीरों के साथ-साथ बाइक सवार भी आसानी से नहीं निकल सके। शाम तक सड़कों पर पानी भरा रहा। दिनभर दुकानदार अपनी दुकानें खोले बैठे रहे, लेकिन ग्राहक बहुत कम पहुंचे।
लालपुल निवासी राजू ने बताया कि छह सड़का से गांधी ग्राउंड बाइक से जा रहे थे कि सड़क के गड्ढे पानी में नहीं दिखे। इससे बाइक गिर गई और वह पानी में गिर गए। दुकानदार मुकेश ने बताया कि गांधी ग्राउंड पर उनका मेडिकल स्टोर है। दुकान तो खोल ली, लेकिन दवा लेने के लिए ग्राहक नहीं आए। शाम तक सड़क पर पानी कम नहीं हुआ तो दुकान बंद कर घर चले गए।
पन्नी के नीचे सो रहा था किसान, बिजली गिरने से लिंटर में हुआ छेद
बिल्सी। बृहस्पतिवार सुबह करीब साढ़े छह बजे तेज बारिश हो रही थी। तहसील क्षेत्र के गांव गढ़ौली निवासी किसान चौखेलाल मौर्य (52) पुत्र द्वारा प्रसाद रोजाना की तरह बीती रात भी छत पर पन्नी के नीचे सो रहे थे। सुबह तेज बरसात में बिजली छत पर गिरने से चौखेलाल की मौत हो गई है। बिजली गिरने से लिंटर में छेद भी हो गया।
घटना के बाद बड़ी संख्या में लोग उनके घर की ओर दौड़ पड़े। किसान के परिवार में कोहराम मच गया। गांव के लोगों ने इसकी सूचना तहसील प्रशासन को दी। एसडीएम प्रवर्धन शर्मा पहुंचे। उन्होंने परिवार के लोगों को शासन की मदद दिलाने का भरोसा दिलाया। प्रधान श्रीकृष्ण शाक्य समेत कई लोगों ने हादसे पर गहरा दुख जताया है। संवाद
जेसीबी से ढाई घंटे में हटाया जा सका पेड़
शहर की पुरानी चुंगी श्याम नगर में हाईवे स्थित सिटी प्वाइंट के पास वर्षों पुराना एक पेड़ खड़ा था। बृहस्पतिवार सुबह करीब 8.30 बजे पेड़ अचानक गिर गया। चपेट में आने से सड़क पार लगा खोखा ध्वस्त हो गया। वहीं जाम भी लग गया। जेसीबी लगाई गई तब कहीं जाकर ढाई घंटे में पेड़ हटा। वन कर्मियों ने उसे आरामशीनों से काटा। इस दौरान जाम लगा रहा। बाहर से आए लोगों को बदायूं तक आने के लिए सात से दस किलोमीटर तक फेर लगाना पड़ा। सरकारी ऑफिस जाने वाले कर्मचारी फंस गए, जो समय से ऑफिस नहीं पहुंच सके।
अस्पताल व स्कूल परिसर में भरा पानी
बदायूं। शहर से देहात तक सरकारी अस्पतालों व स्कूलोंं में पानी भर गया। पानी निकास न होने की वजह से प्रांगण तालाब बन गए। आठ घंटे में 49 मिलीमीटर बारिश से हर तरफ जल ही जल हो गया। सरकारी कामकाज प्रभावित रहा। करोड़ों रुपये की लागत से बने सैदपुर के सरकारी अस्पताल में भी जलभराव हो गया। वजीरगंज थाना परिसर में पानी ही पानी था। आसफपुर, ओरछी, उझानी, बिसौली, सैदपुर के कई सरकारी स्कूलों में जलभराव हो गया। कस्बों से देहात तक की गलियों से निकलना मुश्किल हो गया। संवाद
अस्पताल परिसर में भरा पानी, मरीजों को हुई परेशानी
दबतोरी। नवीन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रांगण में बारिश का पानी भर गया। पानी भरा होने के कारण अधिकतर मरीज बिना दवा लिए ही लौट गए । दबतोरी से दवा लेने आईं कल्पना देवी ने बताया कि अस्पताल में पानी भरा हुआ है, दवा लेने जाएंगे तो कपड़े भीग जाएंगे, इसलिए पानी सूख जाएगा तभी दवा लेने आएंगे। चिकित्साधिकारी डॉ. जहीर अहमद का कहना है कि सड़क के स्तर से अस्पताल काफी नीचा हो गया है। पानी निकास न होने से जलभराव हो जाता है। संवाद
प्राइमरी स्कूल और थाना प्रांगण में भरा पानी
वजीरगंज। थाने के ऑफिस से लेकर आवासों में पानी घुस गया, जिसकी वजह से ऑफिस में रखीं बैट्रियां डूब गईं। फरियादियों को कार्यालय तक पहुंचने में परेशानियां उठानी पड़ी। स्वयं इंस्पेक्टर सहित तमाम पुलिस कर्मियों को भी जूता उतारकर ऑफिस तक जाना पड़ा। कमोवेश यही स्थिति प्राइमरी स्कूल परिसर की भी रही। संवाद
स्कूल में भरा पानी, आने वाले दिन में कैसे होगी पढ़ाई
आसफपुर। बारिश होने से कस्बे की गलियों में जलभराव हो गया। प्राथमिक स्कूल परिसर तो तालाब जैसा दिख रहा था। बरसात में यही हाल रहा तो बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होगी। विभाग ने अगर इस ओर ध्यान नहीं दिया स्कूल में पढ़ने वाले दो सौ बच्चों को परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। क्योंकि पानी कई दिन तक भरा रहता है। इससे स्कूल में छुट्टी करनी पड़ती है। संवाद
अस्पताल, स्कूल व गलियां हुईं जलमग्न
सैदपुर। बारिश के बाद कस्बे की मोहल्ला कुरैशी, तकिया और नई बस्ती की गलियों में जलभराव हो गया। कारण है कि मुख्य सड़क से गलियों की ऊंचाई कम है। कन्या जूनियर हाईस्कूल में बारिश होने के बाद दस-दस दिन तक बच्चों की पढ़ाई बंद करनी पड़ती है। समस्या सालों से चली आ रही है, लेकिन विभाग ने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया है। यही हाल सरकारी अस्पताल भी है, बारिश में मरीजों को दवा लेने में दिक्कतें होती हैं। संवाद
बिजली गिरने से मकान का छज्जा टूटा, उपकरण फुंके
दातागंज। परा मोहल्ले में बृहस्पतिवार सुबह बिजली गिरने से मकान का छज्जा टूट गया और घरेलू उपकरण फुंक गए। अनिल पुत्र गिरिंद का कहना है कि बृहस्पतिवार सुबह करीब सात बजे बारिश हो रही थी। परिवार के सभी सदस्य घर के अंदर थे। उसी दौरान तेज आवाज के साथ उनके घर के छज्जे पर बिजली गिर गई, जिससे छज्जा तक टूट गया। उनके घर में चल रहे इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरण फुंक गए। उनके घर में काफी नुकसान हुआ है। हालांकि परिवार वाले बाल-बाल बच गए। संवाद
बारिश धान के लिए वरदान
बारिश धान की फसल के लिए वरदान है। जिन किसानों ने नर्सरी तैयार की है वे तत्काल रोपाई की तैयारी कर लें। जिन किसानों के खेत में गन्ना है, उन्हें चाहिए कि खेत में जलभराव न होने दें क्योंकि इससे गन्ना सड़ जाने का खतरा है। -दुर्गेश कुमार सिंह, जिला कृषि अधिकारी
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद
दबतोरी अस्पताल परिसर में भरा बारिश का पानी। संवाद