कोली समाज के साथ एक दशक तक मिलकर किया है काम
देश के राष्ट्रपति चुने गए रामनाथ कोविंद को लेकर उसहैत क्षेत्र के गांव सथरा में बृहस्पतिवार को खुशी का माहौल रहा। सथरा के रामप्रकाश कोरी ने उनके साथ एक लंबा वक्त गुजारा है। कोविंद जब अखिल भारतीय कोली समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष थे तब वह उनके साथ राष्ट्रीय कार्यकारिणी में थे। उन्हें कई कार्यक्रमों में कोविंद का सानिध्य मिला। कोविंद के राष्ट्रपति चुने जाने की खबर मिलते ही वह खुशी से झूम उठे। बोले- बातचीत के दौरान हर बात आत्मीयता से सराबोर होती। उनका स्वभाव भी बेहद सरल रहा है। सेवानिवृत्त शिक्षक रामप्रकाश कोरी के घर पर बृहस्पतिवार को पूरे दिन जश्न का माहौल रहा। वह अपने बेटे अधिवक्ता संजीव भारतीय के साथ घर पहुंचे तो कई लोगों से रामनाथ कोविंद के बारे में अहम जानकारियां शेयर कीं। बताया- रामनाथ कोविंद से सबसे पहले उन्हें वर्ष- 1986 में मिलने का मौका मिला। उस वक्त दिल्ली में कोली समाज का राष्ट्रीय अधिवेशन हुआ था। अधिवेशन के दौरान उन्होंने संगठन के मुद्दे पर अहम बातें कीं। अप्रैल-1995 में तत्कालीन रुद्रपुर (अब ऊधमसिंहनगर) में सम्मेलन के दौरान कोविंद ने कहा था, अच्छा इंसान वही है जो दूसरों के काम आए। उस दिन वह काफी भावुक नजर आए। इसके अलावा कोविंद और रामप्रकाश ने कई सम्मेलन एक साथ शेयर किए। हरिद्वार में इंदौर, गुजरात के जूनागढ़ और महाराष्ट्र के जलगांव में समाज के लिए संदेश भी दिए। रामप्रकाश खुश तो उसी दिन से हैं जब वह पहली बार राज्यपाल बने। बोले- कोविंद से मिलने के लिए वह कोशिश करेंगे। पहले वह राष्ट्रपति पद की शपथ ले लें फिर मिलने के लिए रायसीना हिल्स संपर्क साधेंगे। रामप्रकाश का यह भी कहना है कि कोविंद भले ही उस सजातीय संगठन के मुखिया थे लेकिन हर बार ही उनके अंदर सभी समाज के उत्थान के विचार रहे हैं। अब देश को भी उनके विचारों का फायदा मिलेगा। सहसवान। राष्ट्रपति चुनाव में राजग प्रत्याशी रामनाथ कोविंद की जीत पर मोहल्ला जहांगीराबाद में संजीव कुमार उर्फ डब्बू सराफ के आवास पर लोगों ने मिठाइयां बांटकर खुशी का इजहार किया। इस मौके पर भाजपा नगराध्यक्ष अंबरीश वर्मा, पूर्व भाजपा नगराध्यक्ष शिव प्रकाश सक्सेना, रमाकृष्ण सक्सेना राय साहब, भवेश चांडक, अजय, रिंकू चांडक, शक्ति शंकर कुदेशिया, आदर्श सक्सेना, राहुल वर्मा आदि मौजूद रहे।