फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बदायूं: रामगंगा की बाढ़ ने बढ़ाईं दुश्वारियां, घरों में भरा पानी, सड़कें डूबी; कटान से सिमरिया गांव पर खतरा

Thu, 10 Sep 2026 02:33 PM IST
Mukesh Kumar संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं

सार

बदायूं जिले के दातागंज तहसील क्षेत्र में रामगंगा नदी की बाढ़ ने लोगों की दुश्वारियां बढ़ा दी है। इलाके के करीब 18 गांव बाढ़ की चपेट में है, जिससे 15 हजार लोग हैं। सड़कें डूबने से वाहनों की आवाजाही बंद हो गई है। नाव से आवागमन हो रहा है। 
विज्ञापन
दातागंज इलाके में घरों में भरा पानी - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बदायूं जिले के दातागंज तहसील क्षेत्र में रामगंगा नदी की बाढ़ से करीब 18 गांवों में करीब 15 हजार लोगों का जीवन प्रभावित हो गया। बाढ़ के कारण दो प्रमुख सड़कें तीन से चार फीट पानी में डूब गई हैं, जिससे आवागमन पूरी तरह ठप हो गया है। कई गांवों में घरों में पानी घुस गया है और ग्रामीणों को जहरीले जीव-जंतुओं के खतरे का सामना करना पड़ रहा है।

विज्ञापन


सकतपुर गांव में 1200 की आबादी है, जहां ढाई सौ से अधिक कच्चे-पक्के मकानों में पानी भर गया है। ग्रामीणों ने बताया कि झोपड़ियों के अंदर तक पानी पहुंचने से मुश्किलें बढ़ गई हैं। जहरीले जीव-जंतुओं का खतरा भी मंडरा रहा है। 

सिमरिया गांव में कटान से दहशत 
सिमरिया गांव में रामगंगा नदी की लहरें लगातार टकरा रही हैं। एक हजार की आबादी वाले इस गांव के लोग रातभर जागकर पहरेदारी कर रहे हैं। ग्रामीणों ने कटान रोकने के लिए पेड़ों को काटकर नदी किनारे डाला है। ग्रामीणों ने बताया कि पिछले साल भी बाढ़ आई थी और बांध बनने के बावजूद गांव पर खतरा बना हुआ है। बाढ़ खंड द्वारा लगाए गए कट्टे भी बह चुके हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

आवागमन ठप, नाव बनी सहारा
हजरतपुर-गड़िया रंगीन और नगरिया खनू-गड़िया रंगीन मार्ग पर स्थिति गंभीर है। इन दोनों मार्गों पर तीन से चार फीट तक पानी बह रहा है। दोपहिया और चारपहिया वाहनों की आवाजाही पूरी तरह बंद हो गई है। अब इन मार्गों पर केवल नावों से ही आवागमन संभव है। हर्रामपुर, शेरपुर गांव, कुंडरा मंझरा, नवादा बदन सहित डेढ़ दर्जन गांवों के लोगों को गंतव्य तक पहुंचने के लिए नावों का सहारा लेना पड़ रहा है।

प्रशासन ने की नावों की व्यवस्था 
बीमार और बुजुर्ग लोगों को दवा लाने के लिए भी नाव ही एकमात्र साधन है। एसडीएम दातागंज विनोद कुमार ने बताया कि गंगा और रामगंगा के किनारे बसे गांवों की निगरानी की जा रही है। प्रशासन ने आवागमन के लिए नावों की व्यवस्था की है। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि प्रभावित लोगों को आवश्यक सहायता मिल सके।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें