इस फैक्टरी को 24 सितंबर 2021 को नीलाम करने की कोशिश की गई थी लेकिन उस दिन कोई बोली लगाने नहीं पहुंचा। बुधवार को सदर तहसील में फैक्टरी की नीलामी के लिए फिर से बोली लगाई गई। बोली लगाने वालों में व्यापारी गिरीश जुनेजा, हरिभगवान, यशपाल, नरवेश पटेल, पंकज और ऋषि मिनौचा शामिल थे। बोली एक करोड़ पांच लाख से शुरू हुई। बाद में हरिभगवान ने 1.80 करोड़ की बोली लगाकर फैक्टरी खरीद ली।
वर्ष 2016 में भी हुआ 74 लाख का घोटाला
प्रधान डाकघर में डिप्टी पोस्टमास्टर अखिल गुप्ता और बचत बैंक सहायक अखिलेश कुमार ने मिलकर करीब 74 लाख रुपये का घोटाला किया था। मामला यह था कि इन आरोपियों ने डाक अधीक्षक की अलमारी से पांच एटीएम कार्ड और उनसे जुड़े दस्तावेज चोरी कर लिए थे। इसके बाद रकम निकाल ली गई थी। इसमें कई लोगों के नाम सामने आए थे। एक कर्मचारी ने फंदे से लटककर आत्महत्या भी कर ली थी।
तहसीलदार करनवीर सिंह ने बताया कि सरोज डिकेम फैक्टरी की आज नीलामी हुई है। अंतिम बोली 1.80 करोड़ रुपये की लगाई गई। अब खरीदार के नाम फैक्टरी दर्ज करने की कार्रवाई की जाएगी।