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Budaun News: मंडी में बढ़ी धान की आवक, हाईवे पर जाम में फंसे वाहन

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उझानी में मंडी के सामने जाम में फंसे वाहनों को निकलवाता पुलिस कर्मी। संवाद
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उझानी। कृषि उत्पादन मंडी समिति परिसर में धान की आवक बढ़ते ही बरेली-मथुरा हाईवे पर तीसरे दिन भी जाम लगने से वाहन सवार लोगों समेत चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। रविवार सुबह नौ बजे से अपराह्न तक तीन बार वाहन फंसे। धान लदी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों समेत वाहनों की संख्या में इजाफा होने से यातायात पुलिस कर्मियों का भी पसीना छूट गया।
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बरेली- मथुरा हाईवे स्थित मंडी परिसर में आढ़तों तक पहुंचने के लिए धान लदी ट्रैक्टर- ट्रॉलियों की लाइन सुबह 10 बजे से लगनी शुरू हो गई। धर्मकांटों से तौल कराके ट्रैक्टर- ट्रॉलियां हाईवे के रास्ते गेट की ओर बढ़ी तो बदायूं और कासगंज की ओर से आने-जाने वाले वाहनों, खासकर रोडवेज बसों और ट्रकों को आगे निकलने का रास्ता नहीं मिल पाया।
पूर्वाह्न करीब 11 बजे तक दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई। यातायात के पुलिस कर्मियों ने मंडी परिसर में आढ़तों से खाली होकर बाहर निकलने वाली ट्रैक्टर- ट्रॉलियों को रोका, तब कहीं जाकर भारी वाहनों को निकलने का मौका मिल पाया। इसके कुछ देर बाद ही दो बार और जाम लगा। तब भी वाहन सवार लोगों को परेशानी हुई। अपराह्न बाद ही यातायात ढंग से सुचारू हो पाया।
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यातायात पुलिस कर्मियों ने व्यवस्था आवागमन सुचारू कराने के लिए कोतवाली पुलिस का भी सहयोग लिया। जाम में फंसे भारतीय किसान यूनियन के मंडलीय प्रवक्ता राजेश सक्सेना ने इसके लिए मंडी प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि मंडी प्रशासन को परिसर में अपने धर्मकांटों पर किसानों के अनाज की तौल करानी चाहिए। इसके बाद ही हाईवे पर लगने वाले जाम से निजात मिल पाएगी। बता दें कि तीन दिन से रोजाना जाम लग रहा है। मंडी समिति समेत पुलिस के अधिकारियों को भी स्थिति का पता है।


मंडी में धान की रोजाना करीब 30 हजार क्विंटल की आवक
कृषि उत्पादन मंडी समिति में बदायूं के अलावा कासगंज, एटा और फर्रुखाबाद जिले के सीमावर्ती इलाकों के किसान ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से धान बेचने के लिए आ रहे हैं। कासगंज जिले के सोरों क्षेत्र के निवासी किसान चंद्रपाल ने बताया कि अन्य मंडियों के मुकाबले उझानी मंडी में धान का भाव ठीक है। आवागमन में भी कोई खास दिक्कत नहीं होती। साथ ही भुगतान भी समय रहते मिल जाता है।
धान की आवक में हुई वृद्धि के संबंध में सचिव रिंकू सिंह ने बताया कि तीन-चार दिनों से मंडी में रोजाना करीब 30 हजार क्विंटल की आवक दर्ज हो रही है। उन्होंने बताया कि मंडी में सरकारी धर्मकांटे ठीक हैं, लेकिन अधिकतर किसान परिसर से बाहर के धर्मकांटों से अनाज की तौल कराके लाते हैं।
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उझानी मंडी हाईवे के किनारे है, इसलिए अनाज लदी ट्रैक्टर- ट्रॉलियों की वजह से कभी-कभी आवागमन प्रभावित हो जाता है। आवागमन सुचारू रखने के लिए मंडी मोड़ पर यातायात के दरोगा के साथ तीन पुलिस कर्मियों को ड्यूटी पर लगा दिया गया है। कोतवाली पुलिस भी सहयोग करती है।- सुनील कुमार सिंह, सीओ, यातायात
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