बदायूं। परंपरागत खेती से हटकर अब जिले में किसानों को कम पानी में अधिक मुनाफा देने वाली फसलों की ओर प्रेरित किया जा रहा है। यूपी डास्प (कृषि विविधीकरण परियोजना) के तहत जिले में 1564 हेक्टेयर भूमि पर वैकल्पिक फसलों का विस्तार किया जाएगा। इस परियोजना का उद्देश्य धान की खेती के कारण बढ़ते जल संकट को नियंत्रित करना है।
विभाग की ओर से इस योजना के तहत क्लस्टर आधारित खेती को बढ़ावा दिया जाएगा। जिसमें प्रत्येक क्लस्टर 10 हेक्टेयर क्षेत्रफल का होगा। जिले में कुल 1564 क्लस्टर बनाए जाएंगे। इन क्लस्टरों में धान के स्थान पर उड़द, मूंगफली, मक्का, बाजरा, मसूर और सब्जियों की खेती को प्रोत्साहित किया जाएगा। किसानों को नई तकनीक, उन्नत बीज और कृषि यंत्रों के उपयोग की जानकारी दी जाएगी।
ऐसे करें आवेदन
किसान 14 जुलाई से 13 अगस्त तक वेबसाइट www.updasp.co.in पर ऑनलाइन आवेदन भर सकते है। आवेदन के लिए किसान पंजीकरण संख्या, फोटो आईडी, आधार कार्ड, भूमि का विवरण (खतौनी), बैंक पासबुक जैसे दस्तावेज अनिवार्य होंगे। योजना के अंतर्गत चयन प्रक्रिया पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर होगी। सभी लाभार्थियों को फार्म मशीनरी और विशिष्ट कृषि गतिविधियों से जोड़ा जाएगा, ताकि उनकी उत्पादन क्षमता और आय में इजाफा हो।
यह योजना किसानों को जलवायु के अनुकूल खेती के लिए प्रेरित करने के साथ-साथ पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में भी सहायक सिद्ध होगी। यह परियोजना न केवल खेती की लागत को कम करेगी, बल्कि किसानों को अधिक आय भी दिलाएगी।
-डॉ. विवेक कुमार गौरव, जिला परियोजना समन्वयक, यूपी डास्प