बदायूं। न्यायिक प्रक्रिया को आमजन के लिए अधिक सरल, सुलभ और पारदर्शी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। उच्चतम न्यायालय व उच्च न्यायालय, इलाहाबाद के आदेश पर अब न्यायालयों के महत्वपूर्ण निर्णयों के अनुवादित संस्करण ऑनलाइन उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे आम नागरिक भी सीधे लाभ उठा सकेंगे।
अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव शिव कुमारी ने बताया कि न्यायालयों के आदेश 29 अक्तूबर 2025 के अनुपालन में यह व्यवस्था लागू की गई है। इसके अंतर्गत उच्च न्यायालय इलाहाबाद द्वारा पारित निर्णयों का अनुवाद तैयार कर उन्हें वेबसाइट पर अपलोड किया जा रहा है, ताकि आम नागरिक न्यायिक निर्णयों को सरल भाषा में पढ़ और समझ सकें।
उन्होंने बताया कि यह पहल विशेष रूप से ग्रामीण समुदायों, हाशिए पर स्थित वर्गों, कमजोर तबकों तथा स्वयं अपना मुकदमा लड़ने वाले वादियों को ध्यान में रखते हुए की गई है। अब तक न्यायिक फैसलों की भाषा जटिल होने के कारण आम व्यक्ति के लिए उन्हें समझ पाना कठिन होता था, लेकिन अनुवाद उपलब्ध होने से यह बाधा काफी हद तक दूर होगी।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव ने बताया कि अनुवादित निर्णय माननीय उच्च न्यायालय इलाहाबाद की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध हैं, जिन्हें कोई भी व्यक्ति आसानी से देख और डाउनलोड कर सकता है। उन्होंने आमजन से अपील की कि वे इस सुविधा का अधिक से अधिक लाभ उठाएं और अपने अधिकारों व न्यायिक प्रक्रियाओं के प्रति जागरूक बनें। उन्होंने कहा कि इससे न केवल लोगों की न्याय तक पहुंच आसान होगी, बल्कि न्यायिक व्यवस्था में विश्वास भी और मजबूत होगा।