सिंचाई मंत्री धर्मपाल सिंह ने सोत नदी की जमीन पर कब्जा कर अवैध निर्माण तोड़ने का एलान किया है। अनाधिकृत निर्माण करने के आरोप में नोटिस भी जारी किया गया। मगर राजस्व रिकार्ड के अनुसार सोत नदी पर कोई अवैध निर्माण नहीं किया गया है। जन सूचना अधिकार अधिनियम के तहत जिला प्रशासन की ओर से दी गई सूचना में पूर्व विधायक और मंत्री आबिद रजा को क्लीनचिट दी गई है।
जन सूचना अधिकार अधिनियम के तहत जिला प्रशासन की ओर से दी गई सूचना के अनुसार सोत नदी पर अवैध कब्जे को लेकर दो बार पैमाइश की गई। पहली बार पैमाइश जुलाई 2016 में नायब तहसीलदार के नेतृत्व वाली टीम ने की थी। राजस्व रिकार्ड के आधार पर दी गई जन सूचना के अनुसार आबिद रजा द्वारा सोत नदी की भूमि पर अतिक्रमण नहीं किया गया है। नदी के गाटों पर भी अनाधिकृत कब्जा नहीं पाया गया। इसी तरह 12 जून 2017 की सूचना कापी में सोत नदी पर बदायूं कासगंज रोड पर बने पुल को उत्तर और पश्चिम दिशा में पाए गए नंबरान पर कोई अवैध निर्माण नही पाया गया। नगर मजिस्ट्रेट राजकुमार द्विवेदी का कहना है कि इस मामले की सुनवाई के लिए 31 अगस्त तय की गई है। इसमें आबिद रजा को अपना पक्ष रखने के लिए बुलाया गया है।