बिल्सी (बदायूं)। पिछले साल मामूली बात पर मोहल्ले के युवक और प्रापर्टी डीलर के बीच रंजिश ने शनिवार रात खूनी रूप ले लिया। घर से खाना खाकर सोने के लिए पड़ोस में ही अपनी बैठक पहुंचे प्रापर्टी डीलर पर तीन युवकों ने लोहे की रॉड से हमला बोल दिया। उसके सिर में ताबड़तोड़ तीन-चार बार प्रहार किया गया। लहूलुहान प्रापर्टी डीलर जमीन पर गिर पड़ा। चीख-पुकार सुनकर घर के लोग भी दौड़ आए। वह उन्हें लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की ओर निकले लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। पुलिस ने मृतक के बेटे की ओर से तीन हमलावर के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कर ली है। हत्या की घटना के दौरान भगदड़ का भी माहौल बना रहा।
घटना रात करीब 10 बजे की है। मोहल्ला संख्या-दो निवासी दीवान सिंह (50) प्रापर्टी डीलिंग का काम करता था। घर के पास करीब 20 मीटर की दूरी पर उसकी बैठक बनी है। दीवान सिंह रात में नौ बजे खाना खाने के बाद रोज की तरह सोने के लिए बैठक पर चला गया। आरोप है कि वहां पहले से मौजूद राजकुमार समेत उसके भाइयों ने उसके ऊपर हमला बोल दिया। हमलावरों के पास लोहे की रॉड थी। उन्होंने उसके सिर को ही निशाना बनाया। लोहे की रॉड के तीन-चार प्रहार के दौरान प्रापर्टी डीलर जमीन पर गिर पड़ा। चीख-पुकार सुन उसके घरवाले मौके पर पहुंचते, उससे पहले ही घायल के सिर से काफी खून बह चुका था। बेटे समेत परिवार के लोग उसे निजी वाहन से लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर भी पहुंचे लेकिन डॉक्टर ने देखते ही उन्हें मृत घोषित कर दिया।
प्रापर्टी डीलर दीवान सिंह की हत्या के बारे में मोहल्ले में जिसे भी पता लगा, वह उसके घर पहुंच गया। तनाव बढ़ने की आशंका के मद्देनजर पुलिस ने प्रापर्टी डीलर के शव को जिला मुख्यालय पर भिजवा दिया लेकिन गुस्साए घरवालों ने हमलावरों की तलाश में खोजबीन भी शुरू कर दी। मौके पर पुलिस फोर्स भी तैनात कर दिया गया। हमलावर देर रात ही घर में ताला डालकर अपने परिजनों के साथ गायब हो गए। मृतक के बेटे बबलू उर्फ ज्ञानचंद्र ने बताया कि पिछले साल मामूली बात पर उसके पिता और राजकुमार की कहासुनी हो गई थी। उसके बाद से ही आरोपी उसके पिता से रंजिश मानने लगे थे। इधर, पुलिस ने बबलू की तहरीर पर राजकुमार, धीरज कुमार और रवि के खिलाफ हत्या में नामजद रिपोर्ट दर्ज कर ली है। पुलिस ने नामजदों की गिरफ्तारी को तलाश भी शुरू कर दी है।
पुलिस पर फूटा मृतक के घरवालों का गुस्सा
बिल्सी। पोस्टमार्टम के बाद रविवार दोपहर में प्रापर्टी डीलर दीवान सिंह का शव उसके घर पहुंचा तो लोगों की भीड़ इकट्ठी हो गई। मृतक के घरवालों ने नामजदों की गिरफ्तारी नहीं होने पर पुलिस की भूमिका पर सवाल उठाया। गुस्साए लोगों को समझाने के लिए सीओ संजय रेड्डी और इंसपेक्टर डीके गुप्ता को आगे आना पड़ा। प्रदर्शन और हंगामा के दौरान अफरातफरी का माहौल बन गया। मृतक के बेटे ने बताया कि पुलिस चाहती तो सुबह तक नामजदों को गिरफ्तार कर लेती। इधर, इंसपेक्टर ने बताया कि नामजदों की तलाश के लिए पुलिस टीम बना दी गई है। जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
दीवान सिंह ने अपनाया था पिता का पेशा
बिल्सी। प्रापर्टी डीलर दीवान सिंह के पिता तुर्सीराम भी उस समय जमीन-मकान की खरीद-फरोख्त में बिचौलिए की भूमिका निभाया करते थे। मुश्किल दौर में भी वह प्रापर्टी डीलिंग के काम में लगा रहा था। दीवान सिंह उनकी दो संतान में इकलौता बेटा था। उसने पिता के ही पेशे को अपनाया था। मृत प्रापर्टी डीलर के दो बेटे हैं। बब्लू उर्फ ज्ञानचंद्र बड़ा बेटा है, तो छोटा बेटा राहुल है।