Monsoon rains break record of eight years
- फोटो : Monsoon rains break record of eight years
अब तक जिले में हुई मानसूनी वर्षा ने बीते आठ साल के रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। इससे पहले वर्ष 2008 में जुलाई माह में 389.80 मिलीमीटर बरसात हुई थी, इस बार अब तक 238.5 मिलीमीटर वर्षा रिकार्ड की गई है जो सन 2008 के बाद सर्वाधिक है। मौसम विभाग से जुड़े लोगों का अनुमान है कि इस साल पूर्व वर्षों से अच्छी बरसात होगी। यदि अच्छी बरसात होती है तो जहां जिले का वाटर लेवल बढ़ जाएगा वहीं किसानों को भी फायदा होने की उम्मीद है।
जून माह में मानसून ने दस्तक दी थी, हालांकि जून में बादल धोखा ही देते रहे, तब किसानों को यह लग रहा था कि इस साल भी उन्हें सूखे की मार झेलनी पड़ सकती है, लेकिन बीते कई दिनों से जिले भर में हो रही वर्षा से किसानों के चेहरों पर मुस्कान है। धान और गन्ने की फसल करने वाले किसानों को ज्यादा लाभ हो सकता है। प्रशासन के आंकड़ों पर गौर करें तो वर्ष 2008 के जुलाई माह में 389.80 मिमी बरसात हुई थी, इसके बाद के वर्षो में मानसून निराश ही करता रहा है, लेकिन आठ सालों के बाद मौसम ने फिर से हर किसी के लिए खुश कर दिया है। जून से सात जुलाई 2017 तक जिले में 238.25 मिलीमीटर वर्षा हो चुकी है। बताया जा रहा है कि यदि इसी तरह वर्षा होती रही तो जुलाई में वर्ष 2008 से ज्यादा भी वर्षा हो सकती है। मौसम विभाग से जुड़े अधिकारियों-कर्मचारियों का कहना है कि वर्षा ज्यादा होने से बहुत बड़ा लाभ यह होगा कि जो वाटर लेवल काफी नीचे चला गया है उसमें काफी हद तक सुधार हो सकता है।
जुलाई माह में किस वर्ष कितनी हुई बरसात
आंकड़े की नजर में
वर्ष एमएम
2008 389.80
2009 32.14
2010 52.40
2011 194.80
2012 20.75
2013 222
2014 170.25
2015 202.50
2016 169
2017 238.25