लंबे समय से उपेक्षा का दंश झेल रहे मालवीय आवास गृह के दिन अब बदलने वाले हैं। कई सालों से वाहन स्टैंड के रूप में तब्दील हो चुके मालवीय आवास की अब चहारदीवारी का निर्माण कराया जा रहा है।
कलक्ट्रेट और कचहरी के सामने बने मालवीय आवास पर अक्सर लोग कचहरी में तारीख करने या कलेक्ट्रेट में किसी विभागीय काम से आते हैं। तो अपने वाहनों को मालवीय आवास में ही खड़ा कर देते हैं, ऐसे में पूरा मालवीय आवास वाहन स्टैंड नजर आता है। अब मालवीय आवास पर चहारदीवारी का निर्माण शुरू हो गया है। शिक्षक नेता चंद्रकेश यादव ने बताया कि दिसंबर माह में मालवीय आवास पर राजस्थानी कपड़ों का मार्केट लगाने की अनुमति दी गई थी। मार्केट लगाने के लिए उन लोगों से 62 हजार रुपये का करार किया गया था, जो 15 फरवरी तक के लिए मान्य था। अब मार्केट हट चुका है। इसलिए उनसे मिले रुनयों से मालवीय आवास की चहारदीवारी का निर्माण कराया जा रहा है, ताकि यदि कोई शिक्षक रात्रि विश्राम को आवास पर रुकता है, तो उसे किसी तरह का कोई भय न रहे। निर्माण कार्य शुरू हो गया है। अगर धनराशि कम पड़ती है, तो शिक्षक संघ के पदाधिकारियों से सहायता लेकर कार्य को पूरा कराया जाएगा।