इस्लामनगर। इस्लामनगर क्षेत्र में गलत इंजेक्शन लगाए जाने से जच्चा-बच्चा की मौत के बाद जागे स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए शुक्रवार को माही हेल्थ केयर सेंटर को सील कर दिया। अस्पताल बिना पंजीकरण संचालित हो रहा था। कार्रवाई के बाद क्षेत्र में संचालित अन्य निजी अस्पतालों और जच्चा-बच्चा केंद्रों में हड़कंप मच गया।
इस्लामनगर के माही हेल्थकेयर सेंटर अस्पताल में गर्भवती को गलत इंजेक्शन लगाया गया था, इसके बाद दोनों की हालत बिगड़ गई। बृहस्पतिवार को जच्चा-बच्चा की मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों में आक्रोश फैल गया और मामले की शिकायत प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग से की गई। मामले को गंभीरता से लेते हुए तहसीलदार सहसवान, डिप्टी सीएमओ डॉ. नवनीत कुमार, एमओआईसी सहसवान, लिपिक नितिन कुमार की संयुक्त टीम ने अस्पताल पर छापेमारी की। जांच के दौरान अस्पताल के पंजीकरण और मानकों से जुड़े दस्तावेज नहीं मिले। टीम ने पाया कि अस्पताल बिना वैध अनुमति के संचालित किया जा रहा था। इसके बाद तत्काल प्रभाव से अस्पताल को सील कर दिया गया।
यह था पूरा मामला
इस्लामनगर थाना क्षेत्र के गांव हाथा निवासी इल्यास की पत्नी नरगिस को बुधवार दोपहर प्रसव पीड़ा होने पर माही हेल्थ केयर सेंटर में भर्ती कराया गया था। परिजन का आरोप है कि देर रात में महिला को हल्का दर्द हुआ था। इसके बाद अस्पताल स्टाफ ने उसे एक इंजेक्शन लगाया। इंजेक्शन लगने के कुछ ही देर बाद महिला की हालत अचानक बिगड़ने लगी। परिजन कुछ समझ पाते, उससे पहले ही गर्भवती महिला और उसके गर्भ में पल रहे बच्चे की मौत हो गई। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गलत इलाज और लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया था। इसके बाद अब यह कार्रवाई हुई है।