फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लाठी-डंडे से पीटकर मजदूर को मार डाला, बचाने में बेटी घायल

विज्ञापन
विज्ञापन
आसफपुर (बदायूं)। फैजगंज बेहटा थाना क्षेत्र के गांव डरेला में घर में गाय घुसने की शिकायत करने पर आरोपियों ने मजदूर की लाठी-डंडों से पीटकर जान ले ली। पिता को बचाने आई बेटी को भी नहीं बक्शा। उसे भी घायल कर दिया। मामले में पुलिस ने चार के खिलाफ गैर इरादतन हत्या के आरोप में एफआईआर दर्ज कर ली है। सभी आरोपी फरार बताए जा रहे हैं।
विज्ञापन

मामला सोमवार शाम करीब छह बजे का है। मजदूरी कर अपना परिवार चलाने वाले महेंद्र (45) और उनके भाई शेर सिंह अपने घर में बैठे थे। इसी दौरान पड़ोसी अंकित की गाय आकर उनके घर में घुस गई। गाय ने घर में उत्पात मचा दिया। इससे उनके घर का दरवाजा टूट गया। उन्होंने गाय तो घर से निकाल दी लेकिन इसकी शिकायत करने अंकित के पास पहुंचे। इस पर अंकित और उसके परिवार वालों ने उनके साथ गालीगलौज कर दी। उन्होंने लाठी-डंडे से महेंद्र और उनके भाई शेर सिंह पर हमला कर दिया। महेंद्र को उन्होंने जमीन पर गिरा लिया और लाठी-डंडों से खूब पीटा। ये देखकर उनकी बेटी काजल (15) पिता को बचाने दौड़ी। तभी आरोपियों ने उसके साथ भी मारपीट की। इससे वो भी घायल हो गई। उन्होंने किसी तरह यूपी 112 पुलिस को सूचना दी। मौके पर पुलिस पहुंची लेकिन तब तक आरोपी भाग गए। पुलिस उन्हें कोतवाली ले गई। आरोप है कि पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया। उनका ठीक से मेडिकल परीक्षण नहीं कराया गया। स्वास्थ्य केंद्र में भी लापरवाही बरती गई। उनकी ऐसे ही मरहम पट्टी कर दी गई। फिर उन्हें घर भेज दिया गया।
मंगलवार रात महेंद्र की हालत बिगड़ गई। परिवार वाले उन्हें चंदौसी ले गए, वहां रास्ते में नगला जैत गांव के पास महेंद्र की मौत हो गई। इसकी सूचना पर सीओ बिसौली विनय कुमार सिंह चौहान गांव पहुंच गए। उन्होंने पुलिस को आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए। तब पुलिस ने किसान के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस ने भाई शेर सिंह की तहरीर पर आरोपी अंकित पुत्र नेत्रपाल, शशिकांत, प्रशांत , सत्यपाल के खिलाफ गैर इरादतन हत्या के आरोप में मामला दर्ज कर लिया है। बुधवार दोपहर किसान के शव का पोस्टमार्टम करा दिया गया।
विज्ञापन

बच्चों के सामने रोजी-रोटी का संकट
मामूली बात पर आरोपियों के हमले में जान गंवाने वाले महेंद्र भूमिहीन थे। वह मजदूरी करके अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहे थे। उनके पांच बच्चे हैं। उनमें एक बेटी की शादी हो चुकी है। उससे छोटे बच्चे नाबालिग हैं। इससे परिवार में रोजी रोटी का संकट खड़ा हो गया है।
मामला सोमवार रात का है। घर में गाय घुसने को लेकर दो पक्षों में विवाद हुआ था। एक पक्ष के महेंद्र के ज्यादा चोट आईं थीं। इससे उनकी मौत हो गई। इसमें मामला दर्ज कर लिया गया है। इसकी जांच कराई जा रही है। जो भी सच्चाई सामने आएगी, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी। - विनय कुमार सिंह चौहान, सीओ बिसौली
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें