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कार्रवाई के दिन बंद था ग्रेन कमीशन प्रतिष्ठान!

Sun, 22 Mar 2015 07:21 PM IST
badaun
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वणिज्यकर विभाग की विशेष अनुसंधान शाखा (एसआईबी) की करीब चार महीना पुराने छापामार कार्रवाई का मामला अब तूल पकड़ने लगा है। समझौता के नाम पर छले जाने का आरोप लगाते हुए आंदोलन की चेतावनी दे चुके गल्ला व्यापारियों का प्रतिनिधिमंडल सांसद धर्मेंद्र यादव से मिला तो उन्हें व्यापारियों के उत्पीड़न की दास्तां से रूबरू होना पड़ गया। उन्होंने एक स्वर में कहा कि जिस दिन बरेली से पहुंची वाणिज्य कर विभाग की टीम ने छापा मारा उस दिन ग्रेन कमीशन प्रतिष्ठान बंद था।
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शनिवार शाम उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के प्रदेश उपाध्यक्ष राजकुमार बंसल और ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन के अध्यक्ष सुरेंद्र कुमार गुप्ता की अगुवाई में गल्ला व्यापारियों के प्रतिनिधिमंडल ने सांसद धर्मेंद्र यादव से मुलाकात की। सांसद श्री यादव के सामने व्यापारियों ने डिप्टी कमिश्नर रमाशंकर कठेरिया की शिकायत की। कहा कि 28 नवंबर को एसआईबी ने कृषि उत्पादन मंडी समिति में ग्रेन कमीशन एजेंसी के प्रतिष्ठान पर छापामार कार्रवाई का उल्लेख किया है, वह उस दिन बंद थी। मंडी समिति के अभिलेखों में भी इसका प्रमाण है लेकिन एसआईबी ने मनमाने ढंग से कार्रवाई करके कोतवाली में तहरीर भी दे दी थी।
एसआईबी के विरोध में उस दौरान गल्ला मंडी में व्यापारिक कामकाज बंद रहा तो प्रशासनिक अफसरों ने हस्तक्षेप कर समझौता भी करा दिया था। समझौता वार्ता में बरेली और बदायूं के वाणिज्य कर अफसरों के अलावा एसडीएम सदर प्रदीप कुमार भी मौजूद थे फिर भी एसआईबी ने व्यापारियों को गुमराह करते हुए नोटिस भेज दिया। श्री बंसल ने बताया कि सांसद के सामने कुछेक अन्य मामले भी उठाए गए। सांसद ने उन्हें पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने का भरोसा दिलाया है। बता दें कि गल्ला व्यापारी नोटिस को लेकर एसआईबी अफसरों के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी दे चुके हैं।
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कमर अहसन ने सौंपा ज्ञापन
उझानी। उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के जिला संगठनमंत्री कमर अहसन ने सांसद धर्मेंद्र यादव को सौंपे ज्ञापन में किसानों को मुफ्त सिंचाई और देहात क्षेत्र में सस्ती परिवहन सेवा मुहैया कराए जाने की मांग की है। ज्ञापन में प्रदेश सरकार से लैपटॉप योजना फिर से शुरू करने की भी वकालत की गई है।
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