हिलाल बदायूंनी अवार्ड के साथ। स्रोत-स्वयं
बदायूं। आर्टिस्ट्स वेलफेयर के अध्यक्ष मशहूर शायर व संचालक डॉ. हिलाल बदायूंनी को साहित्यिक पुस्तक ‘गुफ़्तगू चांद से’ लिखने के लिए नेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड-2024 से नवाजा गया है। डॉ. हिलाल बदायूंनी की ये पुस्तक वर्ष 2024 में अंजुमन प्रकाशन व रेडग्रैब इंदौर के संयोजन से प्रकाशित हुई थी।
डॉ. हिलाल बदायूंनी की देवनागरी लिपि में प्रकाशित पुस्तक ‘गुफ्तगु चांद से’ की भाषा शैली क्लिष्ट उर्दू या हिंदी नहीं, बल्कि हमारे देश की वो आम भाषा है जो हर जनमानस के हृदय को स्पर्श करती है। इसके साथ किताब में जितनी भी कविताएं हैं उनमें एक शब्द भी राजनीतिक नहीं, बल्कि साहित्य की समरसता से ओतप्रोत है।
किताब में उन सभी सामाजिक मुद्दों एवं भारत की संस्कृति को कविता बनाकर शामिल किया गया है जो हमारे देश की अलौकिक पहचान है। कविताओं में एक प्रेमिका के साथ-साथ मां-बहन, बेटी, मजदूर, बच्चे आदि की वास्तविक जीवन शैली पर प्रकाश डाला गया है।
नेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड्स की चयन प्रक्रिया में वर्ष 2024 के नेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड के लिए डॉ. हिलाल की पुस्तक का चयन किया गया है। जिसमें उनको नेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड्स के अंतर्गत भारत विभूषण ऑफिशियल सर्टिफिकेट बॉक्स, मैडल, बैज व मोमेंटो प्रदान कर सम्मानित किया गया है। उनकी उपलब्धियों के लिए इससे पूर्व भी कई प्रादेशिक व राष्ट्रीय सम्मान मिल चुके हैं।