खबर मिलने पर प्रधानाध्यापक भी पहुंच गए। लाइन की चपेट में आकर गांव के यादराम और लोकमन के नलकूपों की मोटर फुंक गईं। गनीमत रही कि रविवार को अवकाश होने की वजह से विद्यालय में बालक नहीं थे। अगर अवकाश का दिन न होता तो बड़ा हादसा हो सकता था। घटना के बाद गांव वालों में बिजली विभाग के खिलाफ गुस्सा है। गांव के लोगों ने स्कूल के ऊपर से लाइन हटाए जाने की मांग की है।
चार साल पहले भी हुई थी घटना
बिसौली। इससे पहले 2011 में भी हाईटेंशन लाइन टूट कर स्कूल पर गिर गई थी। उस समय भी बड़ा हादसा टल गया था। बेसिक शिक्षा विभाग ने बिजली विभाग को लाइन हटवाने के लिए कई बार लिखा, लेकिन इसे नजरअंदाज कर दिया गया।