बदायूं। लौड़ा बहेड़ी में पिछले माह पकड़े गए अवैध गैस रिफिलिंग के धंधे का मामला अभी शांत नहीं हो पाया था कि बुधवार दोपहर एसडीएम सदर और जिला पूर्ति अधिकारी ने दातागंज रेलवे क्रासिंग के नजदीक एक और धंधे का भंडाफोड़ कर दिया। रेलवे क्रासिंग के नजदीक एक गोदामनुमा घर से 161 रसोई गैस सिलिंडर बरामद हुए। इसका मालिक अधिकारियों को देखकर भागने में कामयाब रहा लेकिन मौके से दो मजदूर और एक सिलिंडर ढोने वाला वैन चालक पकड़ा गया है। सारे सिलिंडर कब्जे में ले लिए गए हैं। एआरओ नरेंद्र सिंह ने गोदाम स्वामी समेत चार लोगों के खिलाफ तहरीर दी है। जिस पर पुलिस ने अपनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
बीती 10 जनवरी को लौड़ा बहेड़ी में एक गैस माफिया के गोदाम से 240 रसोई गैस सिलिंडर बरामद हुए थे। तब से जिला प्रशासन अंदरखाने रसोई गैस माफिया की सूची तैयार कर रहा था। उनमें दातागंज रेलवे क्रासिंग के नजदीक लाइन किनारे बना गोदामनुमा घर पहले नंबर था। ये घर सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के ग्राम लखनपुर निवासी कैलाश उर्फ बंटू का है। अधिकारियों के मुताबिक बंटू काफी समय से रसोई गैस रिफिलिंग का धंधा कर रहा था। शुरुआती दौर में सिलिंडर ब्लैक करने का काम भी करता था। इसी मकान में एक टेंट हाउस भी चलता है। इसकी सूचना पहले से मिल रही थी लेकिन अधिकारियों को सिर्फ मौके का इंतजार था। बुधवार अपराह्न करीब साढ़े तीन बजे एसडीएम सदर पारसनाथ मौर्य, जिला पूर्ति अधिकारी रामेंद्र प्रताप सिंह, सप्लाई इंस्पेक्टर संजय चौधरी, धीरज कुमार, एआरओ नरेंद्र सिंह ने पुलिस टीम के साथ बंटू के घर पर छापा मारा। अधिकारियों को देखकर बंटू मौके से भाग गया, लेकिन उसके गोदाम में काम करते हुए मजदूर विशाल, विनोद और वैन चालक छत्रपाल पकड़ा गया। उसके घर में तलाशी के दौरान 161 रसोई गैस सिलिंडर बरामद हुए, जिनमें 112 भरे हुए और 49 खाली सिलिंडर हैं। ये सिलिंडर भारत, इंडियन और एचपी कंपनी के बताये जा रहे हैं। मौके से अधिकारियों को गैस रिफिलिंग का सामान भी मिला है। सारे सिलिंडर जब्त कर लिए गए हैं। एआरओ नरेंद्र सिंह ने कैलास उर्फ बंटू, मजदूर विशाल, विनोद और चालक छत्रपाल के खिलाफ तहरीर दी है, जिस पर सिविल लाइंस पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करने की कार्रवाई शुरू कर दी है।
शहर में तीन दुकानों से 20 छोटे सिलिंडर बरामद
एसडीएम सदर और जिला पूर्ति अधिकारी ने अपनी टीम के साथ दोपहर के समय छह सड़का और खंडसारी मोहल्ले में स्थित तीन दुकानों पर भी छापा मारा। इन दुकानों से करीब 20 छोटे गैस सिलिंडर बरामद हुए। ये सिलिंडर लोकल ब्रांड के बताए जा रहे हैं। खंडसारी मोहल्ले में टीम उस गैस माफिया की दुकान पर भी गई जिसका धंधा लौड़ा बहेड़ी में चल रहा था। फिलहाल किसी दुकानदार के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई है। सिलिंडर किस किस कंपनी के हैं। इसकी जांच के बाद गुरुवार को उनके खिलाफ कार्रवाई तय की जाएगी।
वैन ड्राइवर ढोता था गैस सिलिंडर
दातागंज रेलवे क्रासिंग के नजदीक जिस गोदामनुमा घर से छत्रपाल नाम का ड्राइवर पकड़ा गया है, वह गोदाम मालिक बंटू की मारुति वैन चलाता था। उसी से सिलिंडर लाने और ले जाने का कार्य करता था। जिस समय छापा मारा गया, उस समय चालक सिलिंडर लोड करने की तैयारी में था।
सिलिंडर माफिया घबराए, कार्रवाई होने का सता रहा डर
बुधवार की कार्रवाई के बाद सिलिंडर माफिया भाई घबरा गए हैं। उन्हें यह डर सताने लगा है कि पूर्व में तो आर्थिक साठगांठ और माननीय का वरदहस्त प्राप्त करने के कारण वे जैसे तैसे कार्रवाई से बच गए, लेकिन अब मामला बढ़ गया है। सूत्रों के अनुसार एक और मामला सामने आने के बाद सिलिंडर माफिया और सराफा का काम करने वाला उसका भाई इस बात को लेकर एक बार फिर माननीय और उनके गुर्गों की शरण में पहुंच गए हैं ताकि कहीं आने वाले दिनों में उनकी गर्दन भी न दबोच ली जाए।
हमने पहले ही कहा था कि अब विभाग छापा मारने की कार्रवाई शुरू करने जा रहा है। इस अभियान के तहत ही दातागंज रेलवे क्रासिंग के नजदीक बने मकान में छापा मारा गया, जहां से 161 रसोई गैस सिलिंडर बरामद हुए हैं। फिलहाल चार लोगों के खिलाफ तहरीर दी गई है। विभागीय कार्रवाई की जा रही है।
- रामेंद्र प्रताप सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी