फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Budaun News: हत्या के मामले में पित-पुत्र समेत चार लोगों को उम्रकैद

विज्ञापन
विज्ञापन
बदायूं। बिनावर थाना क्षेत्र के गांव ददमई में दस जून 2022 को मारपीट की गई। इलाज के दौरान युवक की मौत हो गई। हत्या की धारा में चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज दर्ज की गई। इस मामले में अपर सत्र न्यायाधीश फराह मतलूब ने चार आरोपियों को दोषी करार दिया है। सभी को आजीवन कैद की सजा सुनाई है। 50-50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। 25 की धनराशि पीड़ित पक्ष को देने का आदेश दिया है।
विज्ञापन


बिनावर थाना क्षेत्र के गांव ददमई निवासी जाहिद ने 10 जून 2022 को शिकायती पत्र पुलिस को दिया था। बताया था कि उसके चाचा सज्जाक शाम छह बजे खेत पर चरी काट रहे थे कि उसी समय गांव के ही वेदराम पुत्र महेश, सुनील पुत्र महेश, संजीव पुत्र महेश, महेश पुत्र रामचनी पहुंच गए। किसी बात को लेकर चाचा को गाली देने लगे।
विरोध करने पर चारों पिता पुत्रों ने चाचा को पीटकर घायल कर दिया। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या समेत अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी। विवेचना तत्कालीन विवेचक निरीक्षक अजब सिंह को दी गई। विवेचक ने आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
विज्ञापन

घटना से संबंधित सभी साक्ष्य संकलन करते हुए चार्जशीट कोर्ट में दाखिल कर दी। तब से मामला कोर्ट में चल रहा था। मंगलवार को न्यायाधीश ने पत्रावली पर साक्ष्यों का अवलोकन किया। अधिवक्ताओं की दलीलें सुनने के बाद पिता व उनके तीनों बेटों को दोषी पाते हुए सजा सुनाई है।



एनडीपीएस के दोषी को 28 हजार रुपये जुर्माने की सजा
- सात साल पहले सिविल लाइंस पुलिस ने अफीम के साथ किया था गिरफ्तार



संवाद न्यूज एजेंसी



बदायूं। न्यायालय एनडीपीएस एडीजे कक्ष संख्या नौ के न्यायाधीश ने आरोपी धर्मपाल को दोषी करार दिया है। उसको जेल में बिताई अवधि के साथ ही 28 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है।



सात साल पहले वर्ष 2019 में वजीरगंज पुलिस ने बरेली के अलीगंज थाना क्षेत्र के गांव मंशरामपुर निवासी धर्मपाल को अफीम के साथ गिरफ्तार किया था। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट में रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना तत्कालीन विवेचक उपनिरीक्षक चन्द्र पाल सिंह को सौंपी गई। विवेचक ने घटना से संबंधित सभी साक्ष्य संकलन करते हुए चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की थी। तब से मामला चल रहा था। मंगलवार को न्यायाधीश ने पत्रावली पर मौजूद साक्ष्यों का अवलोकन किया और अधिवक्ताओं की दलीलें सुनने के बाद सजा सुनाई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें