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बदायूं में बाढ़ ने बढ़ाई मुसीबत: 24 से अधिक गांव प्रभावित, लोगों ने तटबंधों पर ली शरण; सड़कों पर चल रही नाव

Sun, 16 Jul 2023 08:36 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं

सार

बदायूं में गंगा और रामगंगा नदी में उफान जारी है। गंगा नदी खतरे के निशाने से ऊपर बह रही है, जिससे तटवर्ती गांवों में बाढ़ का पानी भर गया है। लोगों ने घर छोड़कर तटबंधों पर शरण ले रखी है।
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बदायूं में बाढ़ - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बदायूं जिले में गंगा और रामगंगा का जलस्तर बढ़ने से 24 से अधिक गांवो के लोग प्रभावित हैं। ऐसे में कई गांवों में पानी भरने पर लोगों ने घर छोड़कर तटबंधों पर शरण ले रखी है। गांव में जाने के लिए लोगों को नाव का सहारा लेना पड़ रहा है। 

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गंगा का जलस्तर बढ़ने से शनिवार को सहसवान क्षेत्र के टोटपुर कसरी गांव में भी बाढ़ का पानी भर गया। इससे लोगों की परेशानी बढ़ गई। इसके चलते वीर सहाय नगला गांव के लोगों ने तटबंधों पर शरण लेना शुरू कर दिया। वहीं परशुराम नगला, खागी नगला, भमरौलिया में पहले से ही बाढ़ का पानी भरा हुआ है।

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जिले में गंगा 11 जुलाई से लगातार खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। जिससे जिले के तमाम गांवों की सैंकड़ों बीघा फसलें जलमग्न हो गई है, साथ ही एक दर्जन से अधिक गांवों के मुख्य मार्ग से लेकर संपर्क मार्ग तक पानी भर गया है। इससे आवागमन भी ठप है। 

 

ये गांव हैं बाढ़ से प्रभावित 

शनिवार को गंगा के जलस्तर में थोड़ी बढ़ोतरी हुई। ऐसे में परशुराम नगला, खागी नगला, भमरौलिया, वीरसहाय नगला गांव में पहले से भरे पानी में वृद्धि हो गई। जबकि टोटपुर कसरी में भी बाढ़ का पानी प्रवेश कर गया। बाढ़ का पानी बढ़ने पर वीर सहाय नगला के ग्रामीणों ने गांव को छोड़ कर गंगा-महावा तटबंध पर शरण लेना शुरू कर दिया है।

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इधर, चौकीदार की मड़ैया व टोटपुर करसरी में राहत चौपाल का आयोजन किया गया। एसडीएम प्रेमपाल सिंह ने ग्रामीणों और अधिकारियों के साथ बैठक की। चौपाल में लोगों को बाढ़ से बचाव के संबंध में जागरूक किया गया। इस मौके पर सहायक विकास अधिकारी दहगवां, पूर्ति निरीक्षक, ग्राम प्रधान आदि मौजूद रहे।

गंगा की भेंट चढ़ सकता है स्कूल

गंगा लगातार उफान पर है, ऐसे में उसहैत के बेहटी गांव में कटान शुरू हो गया है। जहां पहले गांव के पास खड़े पेड गंगा की भेंट चढ़ गए, वहीं अब प्राथमिक विद्यालय से सटकर पानी बहने लगा है। ऐसे में विद्यालय की बिल्डिंग के भी पानी की चपेट में आने की आशंका जताई जा रही है। जटा गांव को जाने वाले मुख्य मार्ग पर तीन फुट ऊपर बाढ़ का पानी बह रहा है।

इधर जटा गांव को जाने वाले मुख्य मार्ग पर बाढ़ का पानी आ गया है। इसकी वजह से गांव का संपर्क उसहैत से पूरी तरह से कट गया है। जटा मुख्य मार्ग पर तीन फुट पानी आ गया है। वहीं अहमद नगर बछौरा, असमया रफतपुर, कदम नगला, कमले नगला और बल्ले नगला गांव के पास पानी पहुंचने लगा है और कटान शुरू हो गया है।

शनिवार को बैराजों से छोड़ा गया पानी

- नरौरा से 202578 क्यूसेक
- बिजनौर 164385 क्यूसेक
- हरिद्वार से 74139 क्यूसेक

- गंगा के खतरे का निशान-162 मीटरगेज पर
- गंगा बह रही 162.80 मीटरगेज पर

फिर बढ़ा रामगंगा में पानी

रामगंगा का जलस्तर एक दिन स्थित रहने के बाद शनिवार को फिर से बढ़ गया। हालांकि अभी रामगंगा गांवों से काफी दूर हैं, लेकिन हजरतपुर से गाढि़या रंगीन तक तीन फुट तक पानी भरा हुआ है। ऐसे में लोगों को आने-जाने में परेशानी हो रही है।

रामगंगा में जलस्तर बृहस्पतिवार व शुक्रवार को 159.970 मीटरगेज पर था, जबकि शनिवार को रामगंगा का जलस्तर 160.70 मीटरगेज दर्ज किया गया। ऐसे में शेरपुर, पट्टीविजा, लालपुर खादर, हररामपुर गांव के लोगों को पानी बढ़ने के साथ मुश्किलें बढ़ गईं हैं। हालांकि प्रशासन द्वारा यहां पर नाव की व्यवस्था कर दी गई है, लेकिन वह कुछ दूरी तक ही चल पा रही है।

ऐसे में लोगों को बाढ़ के पानी में होकर निकलना पड़ रहा है। जिसका फायदा ट्रैक्टर-ट्रॉली वाले लोग उठा रहे है। और लोगों को बाढ़ वाला हिस्सा पार कराने के रुपये ले रहे हैं। 
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प्रभावित गांव

सहसवान क्षेत्र के गांव : वीर सहाय नगला, टोटपुर करशरी, परशुराम नगला, खागी नगला, भमरौलिया गांव। लगभग तीन हजार लोग प्रभावित

उसहैत क्षेत्र के गांव : अहमद नगर बछौरा, असमया रफतपुर, बेहटी, कदम नगला, कमले नगला, ठाकुरी नगला, जटा। लगभग पांच हजार की आबादी प्रभावित।

दातागंज क्षेत्र के गांव : जलेबी नगला, अशोक नगला, नगला डालचंद्र, शेरपुर, पट्टीविजा,लालपुर खादर, हररामपुर, मौसमपुर, सिमरिया, गाढि़या, नगरिया खनू, हजरतपुर आदि। करीब 13000 लोग प्रभावित।
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