स्वास्थ्य विभाग लगा रहा स्वास्थ्य शिविर, अब तक निकल चुके है 95 डेंगू संक्रमित
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। जिले में बुखार पर नियंत्रण नहीं हो पा रहा है तो डेंगू भी पांव पसार रहा है। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक अब तक जिले में 95 डेंगू संक्रमित मिल चुके हैं, लेकिन वास्तविकता में यह आंकड़ा कहीं ज्यादा है। इधर, विभाग ने पंजीकृत पैथोलॉजी लैब को भी निर्देशित किया है कि वे अपने यहां पर होनी वाली जांच का रिकॉर्ड दें। ऐसे में प्राइवेट लैब ने अब तक 51 डेंगू के संदिग्ध मरीजों की रिपोर्ट भेजी है।
अगस्त, सितंबर और अक्तूबर में सबसे ज्यादा मच्छरजनित बीमारियां फैलती हैं। जिले में भी यही हाल है। यहां मलेरिया के मरीज काफी ज्यादा हैं, साथ ही डेंगू के भी मरीज लगातार मिल रहे हैं। बुखार आने पर लोग झोलाझाप से लेकर प्राइवेट डॉक्टर से इलाज कर रहे हैं। अधिकतर झोलाछाप और डॉक्टर मलेरिया और डेंगू की जांच करा रहे हैं, जिनमें अधिकांश लैब प्लेटलेट्स कम होना दिखा रही हैं।
इसके आधार पर डॉक्टर डेंगू संभावित की घोषणा कर मरीजों का इलाज किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार जिले में 24 लैब हैं, जहां पर लोगाें की जांच की जा रही है। इनमें 18 सरकारी और छह प्राइवेट लैब हैं। प्राइवेट लैब संचालकों द्वारा रोजाना अपनी रिपोर्ट विभाग को मुहैया कराई जा रहीं है। उनके द्वारा पिछले तीन माह में 51 डेंगू संदिग्ध मरीज की रिपोर्ट भेजी गई है।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा जो जांच की जा रही है, साथ ही प्राइवेट लैब से जो डाटा आ रहा है। उसके मुताबिक जिले में अब तक 95 डेंगू संक्रमित मिल चुके हैं, जबकि जिले में अब 196025 लोगों की जांच की जा चुकी है। इधर, सीएमओ ने शुक्रवार को बिल्सी के बांस बरौलिया में बुखार प्रभावित क्षेत्र में दौरा करके शिविर में दवाओं का वितरण कराया।
-
कुकुरमुत्तों की तरह खुलीं प्राइवेट लैब पर नहीं है विभाग का नियंत्रण
स्वास्थ्य विभाग के रिकॉर्ड में केवल छह लैब पंजीकृत हैं जबकि जिले में सैकड़ों लैब चल रहीं हैं, हालांकि इनमें कई कलेक्शन सेंटर भी हैं। ये लोग मरीजों से मनमानी रकम वसूलते हैं और रिपोर्ट देने के बाद डॉक्टर का नाम भी सुझा देते हैं। इन डॉक्टरों से उनका कमीशन बंधा है। इन लैबों पर मरीजों को सीधे डेंगू बताया जाता है। इस प्रकार की लैब पर विभागीय अधिकारियों का नियंत्रण नहीं है। बताते हैं कि इन लैबों से हर महीने एक निश्चित रकम विभागीय अधिकारियों को जाती है।
-
जिले में 18 सरकारी और छह प्राइवेट लैब पंजीकृत हैं, जिनके द्वारा रोजाना जांच रिपोर्ट भेजी जाती है। इनमें अब तक 95 डेंगू संक्रमित निकले हैं। जांच के उपरांत मरीजों को दवाएं दी जा रहीं हैं। मरीजों को क्रॉस चेक कराया जा रहा है कि वे दवाएं समय से लें, ताकि बीमारी दूर हो।
- डॉ. प्रदीप वार्ष्णेय, सीएमओ
00
अलीगंज में गंदगी का अंबार, घर-घर में बुखार
मुजरिया। क्षेत्र में बुखार ने जोर पकड़ना शुरू कर दिया लेकिन स्वास्थ्य विभाग अब भी बेखबर है। क्षेत्र के अलीगंज सोलंकी नगर में भीषण गंदगी व तालाब के गंदे पानी के फैलाव से बीमारियों ने जोर पकड़ना शुरू कर दिया है। गांव के आशीष सोलंकी के दो बेटे व एक बेटी सहित गांव के तमाम लोग इस समय बुखार की गिरफ्त में हैं। लोगों का कहना है कि स्वास्थ्य विभाग गांव की तरफ ध्यान नहीं दे रहा है। संवाद
बांसबरौलिया में लगे स्वास्थ्य कैंप मौजूद सीएमओ। संवाद