सीओ सहसवान अशोक कुमार सिंह ने बताया कि हत्यारोपी को हिरासत में ले लिया है। उससे पूछताछ की जा रही है। मृतक के बेटों के आने पर तहरीर प्राप्त कर रिपोर्ट दर्ज की जाएगी। पंचायत नामा की कार्रवाई कर शव को पोस्टमार्टम के भेजा गया हैं। आरोपी के आपराधिक इतिहास की भी जानकारी की जा रही है।
पत्नी की 12 साल पहले हो चुकी है मौत
किसान की पत्नी की करीब 12 साल पहले मौत हो चुकी है। उनके दो बेटे हैं। दोनों बाहर रहकर नौकरी करते हैं। दोनों को सूचना दे दी गई है।
शव ले जाने को लेकर परिजनों और ग्रामीणों की पुलिस से झड़प
हत्या की सूचना पर सीओ सहसवान और सहसवान, जरीफनगर थानों की पुलिस भारी बल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए बदायूं ले जाने की तैयारी की तो ग्रामीणों और परिजनों ने विरोध शुरू कर दिया। उनका कहना था कि दोनों बेटे और अन्य परिजन पहुंच जाएं, इसके बाद शव ले जाया जाए। पुलिस ने समझाया कि पंचायतनामा की कार्रवाई पूरी कर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजना जरूरी है। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में काफी देर तक झड़प हुई। बाद में पुलिस शव को लेकर बदायूं मुख्यालय को ले गई।
दस दिन पहले ही जेल से छूटकर आया था आरोपी
ग्रामीणों के अनुसार, उस्मानपुर गांव में किसान की हत्या का आरोपी अजीत करीब दस दिन पहले ही जेल से छूटकर आया था। बताया गया कि उसका पारिवारिक विवाद चल रहा था, जिसके चलते वह जेल गया था। जेल से बाहर आने के कुछ ही दिन बाद उस पर गांव के किसान की हत्या करने का आरोप लगा है। पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है।
मोबाइल की किस्त जमा करने को लेकर भी था विवाद
उस्मानपुर गांव में किसान की हत्या के पीछे के कारणों की पुलिस जांच कर रही है। छानबीन में छेड़खानी के अलावा मोबाइल की किस्त जमा करने को लेकर भी विवाद सामने आया है। एसपी ग्रामीण डॉ हृदेश कठेरिया ने बताया कि गांव निवासी अजीत और किसान के बीच मोबाइल की किस्त जमा करने को लेकर भी कहासुनी हुई थी। घटना के बाद गांव में पुलिस बल तैनात कर दिया है।