तिलहर। दिल्ली-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित मंडी ओवरब्रिज पर शुक्रवार रात हुए हादसे में मंसूरपुर गौटिया निवासी ममेरे-फुफेरे भाइयों की मौत के बाद शनिवार सुबह परिजनों ने मंडी गेट बंद कर दिया। ट्रैक्टर-ट्राॅली चालक पर कार्रवाई की मांग को लेकर हंगामा किया। सीओ तिलहर ने करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद कार्रवाई का आश्वासन देते हुए सभी को शांत किया।
शुक्रवार की रात करीब आठ बजे विपिन (30) अपने ममेरे भाई उमेश (25) के साथ कपसेड़ा मेले से बाइक से घर लौट रहे थे। जैसे ही दोनों मंडी ओवरब्रिज पर पहुंचे। तभी ट्रैक्टर-ट्रॅाली की टक्कर लगने से विपिन की मौके पर मौत हो गई थी, जबकि उनके ममेरे भाई उमेश ने राजकीय मेडिकल कॉलेज में दम तोड़ दिया था।
उनकी मौत से परिजनों ने पूरी रात रोते-रोते काट दी। शनिवार सुबह करीब साढ़े सात बजे परिजन मंडी पहुंच गए और गेट को बंद कर जमीन पर बैठकर ट्रैक्टर-ट्रॉली चालक की गिरफ्तारी की मांग करने लगे। थाना प्रभारी जुगल किशोर पाल ने मौके पर पहुंच लोगों को समझाने की कोशिश की।
इस बीच पहुंचीं सीओ तिलहर ज्योति यादव ने काफी मशक्कत के बाद परिजनों को समझा-बुझाकर शांत कराया। इस बीच किसी ने कार्रवाई न होने पर रोड जाम करने की बात कही तो प्रभारी निरीक्षक ने नाराजगी जताई। इससे मामला फिर गर्मा गया। तब सीओ को दोबारा मशक्कत कर परिजनों को मनाना पड़ा।
वहीं, इस दौरान मंडी आने वाले किसानों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। सुबह करीब नौ बजे मामला शांत होने पर सभी ने राहत की सांस ली। इंस्पेक्टर जुगल किशोर पाल ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। ट्रैक्टर-ट्रॉली कब्जे में है। एक युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
उजड़ा मांग का सिंदूर, बिखर गए बच्चों के सपने
उमेश की प्रीति से करीब पांच साल पूर्व शादी हुई थी। उमेश की दो साल की बेटी सुहानी और एक साल का बेटा समर्थ है। वहीं, विपिन की मौत से शादी के एक साल में ही अंजली की मांग का सिंदूर उजड़ गया है। विपिन व उमेश के भाई-बहनों का रो-रोकर हाल बेहाल हो गया है। परिजनों के अनुसार, विपिन कपसेड़ा मेले में खीरे का ठेला लगाते थे और उमेश पानी बेचते थे।
तिलहर में दो लोगों की मौत पर मंडी गेट पर विरोध प्रदर्शन के दौरान लगी भीड़। संवाद
तिलहर में दो लोगों की मौत पर मंडी गेट पर विरोध प्रदर्शन के दौरान लगी भीड़। संवाद