बदायूं। जिले में स्वाइन फ्लू के सात केस सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने मरीजों की स्क्रीनिंग और उपचार में लगे कर्मचारियों के स्वाइन फ्लू वैक्सीनेशन लगाना शुरू कर दिया गया है। पहले दिन चार कर्मचारियों को वैक्सीन लगाई गई, जबकि अस्पताल में 100 डोज उपलब्ध कराई गई हैं।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, अस्पताल में डॉक्टर और कर्मचारी लगातार बुखार, खांसी और सांस संबंधी शिकायत वाले मरीजों के संपर्क में रहते हैं। ऐसे में मरीजों की स्क्रीनिंग में लगे कर्मचारियों को संक्रमण से बचाने के लिए उनका टीकाकरण कराया जा रहा है। बृहस्पतिवार को चार कर्मचारियों को वैक्सीन लगाकर अभियान की शुरुआत की गई।
जिले में स्वाइन फ्लू के मामले सामने आने के बाद अस्पतालों में संदिग्ध मरीजों की निगरानी भी बढ़ाई जा रही है। विभाग का जोर मरीजों की समय से पहचान करने और संदिग्ध मामलों के सैंपल लेकर जांच कराने पर है। जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. सतीश चंद्र नागर ने बताया कि चार कर्मचारियों के वैक्सीन लगाई है।
मेडिकल कॉलेज में होगी संदिग्ध मरीजों की जांच
स्वाइन फ्लू को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने सभी सीएचसी और पीएचसी पर बीटीएम किट भेजी है। इन केंद्रों पर संदिग्ध मरीज मिलने पर उनका सैंपल लिया जाएगा। इसके बाद सैंपल जांच के लिए राजकीय मेडिकल कॉलेज बदायूं भेजे जाएंगे। मेडिकल कॉलेज में सैंपल की जांच की जाएगी।
जिला अस्पताल में 1450 की हुई ओपीडी
बदायूं। जिला अस्पताल में बृहस्पतिवार को करीब 1450 मरीज ओपीडी में डॉक्टर को दिखाने के लिए पहुंचे। इसमें अधिकांश बुखार, खांसी और शरीर दर्द के थे। डॉक्टरों ने दवाएं देने के साथ ही संदिग्ध मरीजों के लिए खून की जांच कराई। बृहस्पतिवार को करीब 350 सैंपल लिए गए। ऐसे में लैब के बाहर मरीजों की लंबी लाइन लग गई। यहीं हाल पर्चा काउंटर पर नजर आया। संवाद
जिला अस्पताल में कर्मचारियों के वैक्सीनेशन किया गया। संवाद