बदायूं। जिला अस्पताल की इमरजेंसी में बुधवार रात एक महिला और उसके परिवार वालों ने जमकर हंगामा किया। अभिलेख फाड़ने की कोशिश की और मेडिकल कराने की सरकारी फीस भी जमा नहीं की। इससे इमरजेंसी में अफरातफरी मची रही। ईएमओ ने पुलिस को सूचना दी। इसके बाद मामला शांत हुआ।
सदर कोतवाली क्षेत्र में गद्दी चौक निवासी एक महिला बुधवार देर रात जिला अस्पताल की इमरजेंसी पहुंची थी। बताते हैं कि उस समय डॉ. मोहित यादव ड्यूटी पर थे। महिला काफी समय तक अपने पति का इंतजार करती रही। जब उसका पति बरेली से लौटा तो उसने डॉक्टर को पुलिस की मजलूमी चिट्ठी देते हुए मेडिकल कराने को कहा। अस्पताल के कर्मचारियों ने उस चिट्ठी को रजिस्टर पर चस्पा कर लिया था। उसके बाद डॉक्टर ने महिला का मेडिकल शुरू कर दिया। आरोप है कि उसी समय महिला और उसके परिवार वालों ने डॉक्टर ने सीटी स्कैन करवाने और मेडिकल में गंभीर चोट दिखाने को कहा। डॉक्टर ने मना किया तो उसके परिवार वाले बिगड़ गए। उन्होंने हंगामा कर दिया। डॉक्टर से गाली गलौज की और अभिलेख फाड़ने की कोशिश की। उसने मेडिकल कराने की सरकारी फीस भी नहीं भरी। बाद में महिला और उसके परिवार वाले चले गए। इसके कुछ देर बाद महिला के देवरों ने हंगामा किया। जिस पर डॉक्टर ने पुलिस को सूचना दे दी। तब कहीं मामला शांत हुआ।
एक महिला और उसके परिवार वाले मेडिकल कराने आए थे। वह मेडिकल में ज्यादा चोटें लिखवाना चाहते थे। जब उनसे मना किया तो वह उल्टे आरोप लगाने लगे। उन्होंने अभिलेख फाड़ने की कोशिश की। ये सब सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया है।
डॉ. मोहित यादव, ईएमओ