धरना स्थल पर संघ के संरक्षक मंडल के सदस्य एवं पूर्व विधायक रामबाबू ने कहा कि पुरानी पेंशन योजना को बहाल करने के लिए संगठन शिक्षकों के साथ कदम से कदम मिलाकर चलेगा। उन्होंने कहा कि यदि डीआईओएस दफ्तर में लंबित समस्याओं को जल्द दूर नहीं किया गया तो 21 अगस्त से बेमियादी आंदोलन शुरु कर दिया जाएगा। प्रांतीय मंत्री जगदीश बाथम ने कहा कि जो लोग संघर्ष नहीं कर सकते वो लोग समाप्त हो जाते हैं। प्रांतीय उपाध्यक्ष ब्रजराज सिंह राघव ने कहा कि संघर्ष द्वारा संगठन ने वेतन वितरण अधिनियम, समानता तथा पारिवारिक पेंशन दिलाई। सरकार इसे छिन-भिन्न करना चाहती है।
जिला संरक्षक रजनीश राठौर ने कहा कि संगठन शिक्षकों की हर समस्या को लेकर संघर्ष करता रहेगा। संगठन ने पुरानी पेंशन योजना बहाल करने का विरोध शुरू कर दिया है। अन्य वक्ताओं ने भी विचार व्यक्त किया। इस बीच शिक्षकों ने अपनी समस्याओं के संबंध में नारेबाजी की। डीआईओएस दफ्तर में ज्ञापन भी सौंपा। धरना-प्रदर्शन करने वालों में पीयूष पाराशरी, योगेंद्र कुमार, विनोद कुमार शर्मा, वेदप्रकाश राठौर, अजय पाल सिंह, विनय शर्मा, ऋषिपाल सिंह, नीरज शर्मा, मोहर सिंह राठौर, भगवान दास गंगवार, जितेंद्र स्वरूप, सर्वेश सिंह, उमेश सिंह, आरडी मिश्रा आदि थे।