- सिविल लाइंस पुलिस ने एक साल पहले पकड़ा था अर्सिस का महेंद्र, इस समय चल रहा था जमानत पर
संवाद न्यूज एजेंसी
कुंवरगांव। एक साल से फरार चल रहा नकली नोटों का धंधेबाज महेद्र शनिवार शाम दिल्ली पुलिस के हत्थे चढ़ गया। दिल्ली पुलिस उसे अपने साथ ले गए। वह एक साल से फरार था।
थाना क्षेत्र के गांव अर्सिस निवासी महेंद्र पुत्र अतिराज एक साल पहले नकली नोटों के साथ सिविल लाइंस पुलिस ने पकड़ा था। साथ में उसका दोस्त छबिराम भी पकड़ा गया था। उनके पास से नकली नोटों का जखीरा बरामद हुआ था। दोनों लंबे समय से दिल्ली में नकली नोटों का धंधा कर रहे थे। उन्हें सिविल लाइंस पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। कुछ समय बाद वह जमानत पर छूटे और फिर से धंधा करने लगे थे। बताते हैं कि इस दौरान छबिराम दिल्ली में पकड़ा गया। उसने अपने दोस्त महेंद्र का नाम बताया था।
तब से दिल्ली पुलिस ने कई बार दबिश दी लेकिन महेंद्र पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा। पिछले दिनों पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर अर्सिस गांव आकर उसके घर पर कुर्की भी की थी। साथ ही उसे गिरफ्तार करने को कई मुखबिर भी लगा दिए थे। दो दिन पहले दिल्ली पुलिस को पता चला कि आरोपी महेंद्र गांव आया हुआ है। इससे दिल्ली के थाना पीआईए ईस्ट पुलिस शनिवार शाम को सादा कपड़ों में गांव पहुंची और आरोपी महेंद्र को गिरफ्तार कर लिया। दिल्ली पुलिस के दरोगा सुधाकर मलिक और सचिन ने बताया कि आरोपी से दिल्ली में पूछताछ की जाएगी। इसमें बड़ा खुलासा भी हो सकता है।