बदायूं। खरमास खत्म होने के बाद बुधवार से शादियां शुरू हो जाएंगी। लोगों ने शादियों के कार्ड बांट दिए हैं। हल्दी-मेहंदी की भी तारीखेंं तय हो चुकी हैं। बैंड बाजा, बरातघर भी बुक हो चुके हैं। सारे काम समय पर होने के बाद भी सहालग में गैस सिलिंडरों की समस्या बनी हुई है। शादियों वाले घर के लोग सारे काम छोड़कर सिलिंडर के लिए एसडीएम कार्यालय, जिला पूर्ति कार्यालय से आवेदन मंजूर करवाने के बाद भी गैस एजेंसियों के चक्कर काट रहे हैं। डीएसओ कार्यालय में 150 से अधिक आवेदन पत्र देकर डीएसओ से सिलिंडर दिलाने की गुहार लगा रहे हैं।
जिले में इस बार की सहालग में एक हजार से अधिक घरों में शादियां हैं। लोग तहसील दिवस, डीएम कार्यालय, व डीएसओ से गुहार लगाकर सिलिंडर उपलब्ध कराने के लिए करीब 150 से अधिक आवेदन कर चुके हैं। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों के लोग एसडीएम का कार्यालय में आवेदन पर मुहर लगवाने के बाद पूर्ति अधिकारी के साइन करवाने के बाद गैस एजेेंसियों के चक्कर काट रहे हैं। इनमें किसी की बेटी शादी है तो किसी के नाती या बेटे का मुंडन व अन्य मांगलिक कार्यक्रम होने हैं। इसमें खाद्य सामग्री बनाने के लिए लोगों को ज्यादा सिलिंडर की जरूरत है। डीएसओ की ओर से आवेदकों को सिलिंडर उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया जा रहा है।
सीमित हुआ शादी में मेन्यू
कई आयोजकों ने बताया कि पहले जहां एक समारोह में 20 से 25 प्रकार के व्यंजन और नाश्ता आदि परोसे जाते थे। अब इसे घटाकर 12 से 15 आइटम तक सीमित कर दिया गया है। दातागंज के राजेश गुप्ता ने बताया कि उनकी बेटी की शादी में पहले मेन्यू में अधिक आइटम रखने की योजना बनाई गई थी, लेकिन सिलिंडर की किल्लत के चलते चले मेन्यू से कई आइटम हटाने पड़े हैं।
पांच हजार की सिक्योरिटी जमा करने पर मिल रहा कार्मिशयल सिलिंडर
आवेदन मंजूर करवाने के बाद लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है। कार्मिशयल सिलिंडरों की एलटी न होने के कारण एजेंसियों पर लोगों से एक सिलिंडर के 5000 रुपये सिक्योरिटी के तौर पर जमा कराए जा रहे हैं। खाली सिलिंडर वापस करने पर गैस के रुपये काटने के बाद बचे रुपये वापस किए जाएंगे। शहर के रहने के वाले टीटू ने बताया कि उन्हें पांच सिलिंडर की जरूरत है, लेकिन शुरू में पांच हजार रुपये जमा करने के कारण बजट खराब हो रहा है
- कैटर्स और लोगों ने बताई अपनी-अपनी परेशानी-
शादियों की पहले से बुकिंग करना बना संकट
हमने कई शादियों के ऑर्डर पहले ही बुक कर लिए हैं। अब अचानक गैस नहीं मिल रही है, जिससे हमारे सामने बड़ा संकट खड़ा हो गया है। अगर समय पर सिलिंडर नहीं मिला तो कार्यक्रम प्रभावित होंगे। हमारी साख भी खराब होगी। - महेश कैटर्स
गैस ने बिगाड़ा काम
शादी का सीजन हमारे लिए सबसे महत्वपूर्ण समय होता है। हमने पूरी तैयारी कर रखी है, लेकिन गैस की कमी ने सब बिगाड़ दिया। प्रशासन को तुरंत इस पर ध्यान देना चाहिए, वरना कैटर्स को काफी नुकसान होगा। - सोनू कैटर्स
एजेंसी वाले सुनने को तैयार नहीं
मेरी बेटी की 19 अप्रैल को शादी है। मैं कई दिन से तहसील और सप्लाई ऑफिस के चक्कर काट रहा हूं। अधिकारियों ने आदेश भी कर दिया, लेकिन गैस एजेंसी वाले सुनने को तैयार नहीं हैं। हर बार कोई न कोई बहाना बना दिया जाता है। - प्रमोद शर्मा, परसिया
सिक्योरिटी जमा करना मुश्किल
मेरी बेटी की 22 अप्रैल को शादी है। घर में शादी का बजट ही काफी भारी है, ऐसे में खाली सिलिंडर की सिक्योरिटी जमा करना भी मुश्किल हो रहा है। एजेंसी पर जाते हैं तो कर्मचारी कहते हैं, बिना सिक्योरिटी सिलिंडर नहीं मिल पाएगा। प्रशासन ध्यान दे, ताकि आम लोगों को राहत मिल सके। - महेश चंद्र पाराशरी, बिसौली
शादी के लिए लोग सिलिंडर पाने के लिए आवेदन कर रहे हैं। उनके आवेदन मंजूर होने के बाद एजेंसियों पर कार्मिशयल सिलिंडर दिए जा रहे हैं। आवेदन मंजूर होने के बाद चक्कर लगवानी वाली एजेंसियों की जांच की जाएगी। - सतीश कुमार मिश्रा, जिला पूर्ति अधिकारी
शहर की गैस एजेंसी पर लगी उपभोक्ताओं की लाइनें। संवाद
शहर की गैस एजेंसी पर लगी उपभोक्ताओं की लाइनें। संवाद
शहर की गैस एजेंसी पर लगी उपभोक्ताओं की लाइनें। संवाद
शहर की गैस एजेंसी पर लगी उपभोक्ताओं की लाइनें। संवाद