सीएम कार्यालय के आदेश पर एसपी सिटी ने शुरू की जांच
फिरोजाबाद में अच्छी नौकरी दिलाने का झांसा देकर बदायूं के दो युवकों को ठग लिया गया। युवकों ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से की। सीएम कार्यालय से इसकी जांच यहां एसएसपी कार्यालय पहुंची तो खलबली मच गई।
दातागंज के रहने वाले व्यापारी राहुल ने बताया कि उन्होंने सात महीने पहले शाहजहांपुर के अलागंज के रहने वाले अपने रिश्तेदार अमित गुप्ता के कहने पर दिल्ली की एक प्राइवेट कंपनी में 15 हजार रुपये जमा किए थे। इस कंपनी की फ्रेंचाइजी यूपी, उतराखंड के कई जिलों में है। आरोप है कि कंपनी संचालक बेरोजगारों को अच्छी नौकरी देने का लालच देकर उनसे मोटी रकम ऐंठते हैं। राहुल ने बताया कि फरवरी 2017 में रुपये जमा करने के बाद उसे फिरोजाबाद एक महीने की ट्रेनिंग के लिए भेजा गया। जहां उनसे निजी कंपनी के प्रोडक्टस के कांबो पैक बिकवाए गए। कंपनी के अधिकारियों की ओर से राहुल और उसके साथियों को झांसा दिया गया कि ट्रेनिंग पूरी होने के बाद 20 से 30 हजार रुपये प्रतिमाह की नौकरी यूपी के किसी भी शहर में दिला दी जाएगी। संदेह होने पर राहुल ने अपने साथी अमित गुप्ता, अंकित, नदीम आदि के साथ नौकरी नहीं करने की बात कहकर जमा किए रुपये लौटाने को कहा। इस पर कर्मचारियों ने आनाकानी शुरू कर दी। लगभग एक महीने पहले रोहित कंपनी के फर्जीवाड़े के तमाम सबूत एकत्र कर योगी के जनता दरबार में शिकायत की। इसके बाद सीएम कार्यालय से इस मामले की जांच बैठा दी गई है। दो दिन पहले पुलिस ऑफिस में सीएम कार्यालय से आई जांच के बाद खलबली मची हुई है। एसपीसिटी कमल किशोर ने बताया कि युवक के साथ ठगी फिरोजाबाद में हुई है। फिर भी मामले की जांच की जा रही है।