फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

महिला अपराध को लेकर  शर्मशार होता रहा बदायूं

Sat, 04 Feb 2017 11:31 PM IST
बदायूं, ब्यूरो
विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
दामन पर कटरा, मूसाझाग और उझानी कांड जैसे दाग
 महिला सशक्तिकरण और सम्मान की बातें कितनी भी हों, लेकिन तस्वीर इससे अलग है। दुष्कर्म की वारदातों को लेकर जिला बार-बार शर्मिंदा होता रहता है। ताजा मामला बिल्सी थाने के एक गांव में छात्रा की दुष्कर्म के बाद हत्या कर शव फांसी के फंदे पर लटकाने का है। कटरा सआदतगंज कांड हो या फिर मूसाझाग थाने में किशोरी से दुष्कर्म और उझानी कांड बदायूं के दामन पर यह ऐसे दाग हैं जो शर्मशार करते हैं।
विज्ञापन

महिलाओं के प्रति जिले में बढ़ रहे अपराधों के ग्राफ पर नजर डालें तो स्थिति अब भी ठीक नहीं है। वूमेन पॉवर लाइन और डायल 100 के साथ शक्ति मोबाइल टीमें के बावजूद महिला अपराध के मामलों में कमी न आना दर्शाता है कि महिलाओं के प्रति मानसिकता बदलने की जरूरत है। वर्ष 2004 में जिले में दुष्कर्म के 49 मामले हुए थे। इसके बाद 2015 में भी 46 महिलाएं, युवतियों और किशोरियां दुष्कर्म का शिकार हुईं। 2016 में भी जिले में दुष्कर्म की 35 वारदातें हुईं। यहां गौर करने वाली बात यह है कि छेड़छाड़ के मामलों में भी इजाफा हो रहा है। 
विज्ञापन

---------------
तीन साल में हुईं महिला अपराध की वारदातें
---------------
वर्ष 2014
दुष्कर्म-    49
दहेज हत्या-    55
महिला हत्या-    21
छेड़छाड़-    14
महिला उत्पीड़न- 62
----------------
वर्ष 2015
दुष्कर्म-    46
दहेज हत्या-    35
महिला हत्या-    14
छेड़छाड़-    30
महिला उत्पीड़न- 45
----------------
वर्ष 2016
दुष्कर्म-    35
दहेज हत्या-    48
महिला हत्या-    12
छेड़छाड़-    25
महिला उत्पीड़न- 44
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें