बुधवार बसोमा गांव के दो घरों में डाली थी डकैती
दो राहगीरों से भी नगदी और मोबाइल लूटे
गुरुवार रात करीब 11 बजे अब्दुल्लागंज निवासी रामप्रसाद पाली के घर पर आधा दर्जन से ज्यादा बदमाशों ने धावा बोल दिया। रामप्रसाद और उसका बेटा जगपाल घर के बरामदे में सो रहे थे। बदमाशों ने दोनों को वहीं दबोच लिया। दोनों को बांध कर डालने के बाद बदमाश घर में घुसे। हथियारों के बल पर रामप्रसाद की पत्नी फूलवती के जेवर उतरवा लिए। घर में रखे रामप्रसाद की पुत्रवधू के जेवर और 25 हजार रुपये नगदी भी बदमाशों ने लूट ली।
रामप्रसाद के बाद बदमाशों ने सूरजपाल पाली के घर पर धावा बोला। यहां भी बदमाशों ने सूरजपाल उसके पुत्र अर्जुन को हथियारों के बल पर बांध कर डाल दिया। घर में रखी 50 हजार रुपये की नगदी। सूरजपाल की पत्नी रामकली के जेवर आदि लूट लिए। अर्जुन का मोबाइल भी बदमाश लूट कर ले गए। यहां से निकलने के बाद बदमाशों ने राहगीर रोहिताश साहू और यादराम से लूटपाट की। यह दोनों दिल्ली जा रहे थे। बदमाशों ने रोहिताश से 12 सौ रुपये और यादराम से मोबाइल फोन लूट लिया। लूटपाट के बाद आसानी से बदमाश भाग गए। मामले में पुलिस ने चोरी की रिपोर्ट दर्ज कर ली है। ताबड़तोड़ लूट और डकैती की घटनाओं से ग्रामीणों में खौफ है।
एक दिन लेट होने से बची मेहनत की कमाई
उझानी। राम प्रसाद का बेटा सतीश पाली दिल्ली में रहकर नौकरी करता है। उसे गुरुवार शाम तक घर पहुंचना था, लेकिन वह शुक्रवार सुबह घर पहुंचा। अगर सतीश गुरुवार शाम हो गया होता तो उसकी जमा पूंजी भी लूट जाती। सतीश के घर आने में एक रात की देरी से उसकी कमाई बच गई।
बड़ी वारदात के बाद भी सोती रही उझानी पुलिस
लूट और डकैती की घटनाएं दर्ज हो रहीं चोरी में
फजीहत बचाने को चोरी में दर्ज हो रहीं डकैतियां
बदायूं। बड़ी वारदात के बाद भी उझानी पुलिस सोती रही। सुस्त पुलिसिंग ने 24 घंटे में लूट, डकैती की चार वारदातें करा दीं। फजीहत बचाने के लिए मामले चोरी में दर्ज किए गए हैं। लोग खौफजदा हैं और पहरेदार आराम फरमा रहे हैं।
उझानी के मोहल्ला अहीरटोला नई बस्ती में 18 नवंबर को बदमाशों ने भूदेव के घर में डाका डाला था। यहां विरोध करने पर भूदेव के दोस्त धर्मपाल की हत्या कर दी गई। इस घटना का पुलिस अब तक वर्क आउट नहीं कर सकी है। पुलिसिया लापरवाही यहीं खत्म नहीं हुई। बुधवार रात गांव बसोमा में बदमाशों ने शरफुद्दीन और गंगासिंह के घरों पर धावा बोलकर लाखों रुपये का माल लूट लिया। पुलिस ने इस मामले को भी संजीदगी से नहीं लिया। रिपोर्ट चोरी में दर्ज की। ताजा मामला अब्दुल्लागंज गांव का है। पुलिस ने सख्ती बरती होती तो शायद बदमाश इस घटना को अंजाम न देते।
जरा संभलकर! निशाने पर हैं बाहरी छोर के घर
अब तक घटनाओं में शिकार बने ऐसे कई परिवार
बदमाशों को भी सताता है पकड़े जाने का डर
उझत्रनी (बदायूं)। डर किसे नहीं लगता। अगर पुलिस रात में गश्त से गुरेज करती है तो पकड़े जाने का डर बदमाशों को भी सताता है। लूट और डकैती की अधिकतर घटनाओं में बदमाशों ने घनी आबादी से खुद को दूर रखा। गांवों के बाहरी छोर पर बसे घर ही बदमाशों के निशाने पर हैं।
मोहल्ला अहीरटोला नई बस्ती में 18 नवंबर को बदमाशों ने भूदेव के घर में डकैती की वारदात को अंजाम दिया। यह घर भी गांव के छोर पर था। बुधवार को बसोमा गांव में शरफुद्दीन और गंगाराम के घरों में बदमाशों ने डाका डाला। इन दोनों के घर भी आबादी से बाहर हैं। अब्दुल्लागंज के जिन दो घरों में बदमाशों ने लूटपाट की यह दोनों घर भी गांव के छोर पर हैं। जाहिर है कि बदमाशों को भी पकड़े जाने का डर है। ऐसे में वह आबादी के बाहर के घरों को निशाना बना रहे हैं। बता दें कि अक्तूबर 2013 में बेवा राकेश कुमारी के घर में डकैती डाली थी। इस दौरान राकेश कुमारी के पिता रामपाल सिंह की हत्या कर दी गई थी। दो साल के बाद उझानी कोतवाली क्षेत्र में डकैती की घटनाएं शुरू हुई हैं।
पुलिस ने शुरू की संदिग्धों की धरपकड़
उझानी। लूट, डकैती और मर्डर की ताबड़तोड़ वारदातों से परेशान कोतवाली पुलिस ने शुक्रवार को अभियान चलाकर इलाके में कई संदिग्धों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। हालांकि पुलिस अब तक यह नहीं समझ पा रही है कि वारदातों को अंजाम कौन सा गिरोह दे रहा है। एसपी सिटी, अनिल यादव ने कहा कि मामले में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। कुछ संदिग्धों से पूछताछ भी की जा रही है। दोनों घटनाओं का वर्क आउट जल्द कर दिया जाएगा। ऐसा प्रतीत होता है कि वारदातों को अंजाम देने वाले बदमाश आस-पास के ही हैं।