दलित किशोरी की गुरुवार को अचानक हालत बिगड़ गई। उसकी फुफेरी बहन बेहोशी की हालत में दोपहर दो बजे उसे लेकर जिला महिला अस्पताल पहुंची। किशोरी की हालत बिगड़ने की खबर से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। एसएसपी सौमित्र यादव, एसपी सिटी अनिल यादव, सीओ सिटी आरएस धामा, एसओ सिविल लाइंस अजय यादव, एसओ महिला थाना सुनीता मिश्रा जिला महिला अस्पताल पहुंच गए। आनन-फानन में डॉक्टर ने किशोरी को बरेली रेफर कर दिया। एसएसपी और डॉक्टर का कहना है कि किशोरी घर पर थी। वहां क्या हुआ? यह जांच का विषय है। इधर, घटना का संज्ञान एससी-एसटी आयोग ने ले लिया है। शुक्रवार को आयोग के उसके सदस्य पीएल पुनिया बदायूं पहुंच कर घटना की जानकारी लेंगे।
दलित किशोरी को बुधवार शाम हालत पूरी तरह सामान्य होने पर जिला महिला अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया था। इससे पहले दो आरोपियों को उसके सामने शिनाख्त के लिए पेश भी किया गया। अस्पताल से वह अपनी बुआ के घर चली गई थी। गुरुवार को किशोरी को बाकी आरोपियों के संबंध में पूछताछ के लिए महिला थाने बुलाया गया था। किशोरी की फुफेरी बहन का कहना है कि उसको लेकर वह महिला थाने ला रही थी। इससे पहले अचानक उसके पेट में दर्द उठा। उसकी हालत बिगड़ गई। अचानक घर पर बेहोश हो जाने पर वह महिला पुलिस के साथ उसको लेकर जिला महिला अस्पताल पहुंची। यहां से किशोरी को बरेली रेफर कर दिया गया है।
बताते चलें कि आवास विकास की 14 साल की किशोरी से 23 जून को बलात्कार हुआ था। पांच दिन बाद उनसे रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पहले किशोरी ने कॉलोनी के ही दो लड़कों का नाम लिया। बाद में उसने कहा कि घटना में तीन लड़के शामिल थे। इनमें शिवम उर्फ संतोष ने उससे दुष्कर्म किया। इसके बाद किशोरी ने फिर बयान बदला। उसने आरोप लगाया कि जिस ईख के खेत में उसके साथ रेप हुआ वहां आठ-दस लोग मौजूद थे। 28 जून को पुलिस ने उसका मेडिकल कराया। उसके प्राइवेट पार्ट में पॉलीथिन, माचिक का रैपर, लकड़ी का एक टुकड़ा, कपड़ा और प्लास्टिक की बोतल का ढक्कन निकला। किशोरी के प्राइवेट पार्ट या शरीर पर कोई इंजरी नहीं थी। मेडिकल रिपोर्ट आने के बाद पुलिस महकमे में खलबली मच गई। सोमवार को डीआईजी आरकेएस राठौर ने बदायूं पहुंच कर स्थिति की जानकारी ली थी। बाद में किशोरी का दोबारा पैनल से मेडिकल भी कराया गया। इसमें में डॉक्टर्स की टीम ने पुरानी ही रिपोर्ट का समर्थन किया था।
किशोरी को बुधवार शाम सामान्य हालत में अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया था। वह अपने घर पर थी। वहां उसकी हालत बिगड़ी है। घर पर क्या हुआ? यह तो विवेचना का विषय है। फिलहाल उसे हायर सेंटर रेफर किया गया है।
-सौमित्र यादव, एसएसपी
बुधवार को उसे सामान्य हालत में अस्पताल से डिस्चार्ज किया गया था। किशोरी अपने घर पर थी। आज वह बेहोशी की हालत में अस्पताल लाई गई। प्राथमिक इलाज के बाद उसे रेफर कर दिया गया है। यह इंफेक्शन का मामला नहीं है। हो सकता है कि उसे दो दिन से कुछ खाया-पिया न हो। उसे उल्टी भी नहीं हो रही थीं, न ही घरवालों ने ऐसा कुछ बताया। उसे हायर सेंटर की जरूरत थी। सो रेफर कर दिया गया।
-डॉ. हाकिम सिंह, गायनी सर्जन