लूटपाट की घटना मंगलवार रात दिल्ली रोड किनारे नई बस्ती बालाजीपुरम इलाके की है। कादरचौक थाना क्षेत्र के गांव बादुल्लागंज निवासी रामकुमार शर्मा का मकान नई बस्ती में है। रात में करीब एक बजे दीवार फांदकर घुसे बदमाशों ने कमरे का ताला तोड़ कर सामान समेटना शुरू कर दिया, लेकिन उसी दौरान गृहस्वामिनी वसुधा (40) जाग गई। वसुधा को बदमाशों ने दबोच कर चाकुओं से पीठ और चेहरे पर कई वार किए। लहूलुहान वसुधा जमीन पर गिर पड़ी। उसका बड़ा बेटा 10 वर्षीय मोहित जागा तो बदमाशों ने मोहित समेत उसके पांचों भाई-बहन को कमरे में बंद कर दिया।
बदमाशों के जाने के बाद घायल वसुधा ने कमरा खोल कर बच्चों को बाहर निकाला। तड़के बच्चों के रोने की आवाज पर पहुंचे पड़ोसियों ने वसुधा का पहले कोतवाली फिर अस्पताल ले जाकर भर्ती करा दिया। वसुधा ने बताया कि बदमाश उसके बक्से में रखे पांच हजार रुपये, सोने की चेन, पाजेब और कानों से कुंडल उतरवा ले गए। बदमाशों की संख्या थी। बोली, उनके चेहरे गमछे से ढके थे। सूचना के बाद पुलिस ने घटनास्थल का मौका मुआयना किया। कोतवाल देवराज राठी ने बताया कि लूट का विरोध करने पर ही बदमाशों ने महिला पर हमला किया था। रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
लूट से सहमे बच्चे
उझानी। वसुधा का पति रामकुमार दिल्ली में लकड़ी की ठेकेदारी करता है। वह दिल्ली में ही है। घटना के दौरान बदमाशों ने जिस तरह से गृहस्वामिनी पर हमला किया, उसका खौफ बुधवार सुबह बच्चों के चेहरों पर दिख रहा था। पांच बच्चों में सबसे बड़े मोहित ने बताया कि एक बदमाश के पास तमंचा था। वह कच्छा-बनियान पहने था। तमंचे से उसे डराया भी गया।