उझानी (बदायूं)। शिक्षक के मासूम बेटे के अपहरण में उम्रकैद की सजा काट रहे पैरोल पर आए बदमाश धर्मपाल को एक सूचना पर पुलिस ने मंगलवार को उसी के घर से दबोच लिया। पुलिस ने उसके घर में शस्त्र बनाने की फैक्ट्री भी पकड़ी। तीन तमंचे, कारतूस, उन्हें बनाने के उपकरण बरामद किए गए।
कोतवाली क्षेत्र के गांव ननाखेड़ा निवासी धर्मपाल पर कई आपराधिक केस दर्ज हैं। प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार चाहर ने बताया कि एक सूचना पर उनकी मौजूदगी में पुलिस फोर्स ने मंगलवार तड़के उसके घर पर दबिश दी तो वहां तमंचे बनाए जा रहे थे। उसके घर में पुलिस को तीन तमंचे और कारतूस के अलावा तमंचे बनाने के उपकरण ड्रिल मशीन, लोहे का कटर, आरी और अन्य औजार मिले। पूछताछ के दौरान धर्मपाल ने पुलिस को बताया कि उसके बने तमंचे पड़ोसी जिलों कासगंज, एटा और फर्रुखाबाद भी बेचे गए हैं। तमंचे खरीदने के लिए उसके पास गैर जिलों के धंधेबाज भी पहुंचते हैं। यहां बता दें कि धर्मपाल ने वर्ष-2002 में कोतवाली क्षेत्र के गांव फुलासी निवासी लाल बहादुर (9) पुत्र अभिलाख का अपहरण कर लिया था। लाल बहादुर को उसके घरवालों ने फिरौती देकर मुक्त कराया था। लाल बहादुर के अपहरण में उसे उम्रकैद की सजा हुई थी। प्रभारी निरीक्षक के अनुसार तीन माह से वह पैरोल पर चल रहा था। इसी दौरान एक सूचना पर यह कार्रवाई की गई।