उझानी (बदायूं)। कटरी के एक गांव में चार साल की बच्ची से दुष्कर्म की कोशिश के मामले में मेडिकल रिपोर्ट आने के बाद पुलिस ने राहत की सांस ली है। मेडिकल रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस की मानें तो अधेड़ हैवानियत करने में सफल हो जाता तो बच्ची की मौत हो सकती थी। बच्ची की हालत में सुधार के बाद परिजन उसे लेकर घर चले गए हैं।
कोतवाली क्षेत्र में कटरी से जुड़े एक गांव के बाहर झोपड़ी में दूसरे गांव डिलौर निवासी कमल सिंह उर्फ कमले (55) ने बदनीयती से चार साल की बच्ची को दबोच लिया था। उसने बच्ची से दुष्कर्म की कोशिश की थी। हालांकि वह सफल नहीं हो पाया, लेकिन बच्ची के कपड़े फाड़ दिए थे। बच्ची के चीखने पर पड़ोस में खेत पर मौजूद उसके मां-बाप दौड़कर आ गए थे। उन्हें देख कमले भाग गया था जिसे बाद में उसके एक परिचित के घर से दबोच लिया गया था। प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार चाहर ने बताया कि मेडिकल रिपोर्ट में बच्ची के शरीर पर खरोंचों के निशान आए हैं लेकिन दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई है। अधेड़ यदि उसके साथ दुष्कर्म करने में सफल हो जाता तो बच्ची की मौत हो सकती थी। बता दें कि पुलिस ने उसी दिन रात में दुष्कर्म की कोशिश, पाक्सो और एससीएसटी एक्ट के तहत कार्रवाई करते हुए कमले को गिरफ्तार कर रविवार को चालान भी कर दिया था।