बदायूं। इस्लामनगर थाने में किसान सहकारी समिति के तत्कालीन सचिव राजेंद्र पाल शर्मा के खिलाफ गबन की रिपोर्ट दर्ज हुई है। राजेंद्र पर सहकारी समिति मुरावन का भी अतिरिक्त प्रभार था। उनके बैंक और पीसीएफ के अभिलेखों की जांच कराई गई, तब इस फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ।
इस्लामनगर के सेवानिवृत्त सहायक विकास अधिकारी प्रदीप कुमार के मुताबिक वह हाथरस जिले में सिंकदराराऊ क्षेत्र के रहने वाले हैं। फरवरी 2021 में वह इस्लामनगर ब्लॉक में तैनात थे। उस वक्त बिसौली निवासी राजेंद्र पाल शर्मा किसान सहकारी समिति सिठौली के सचिव थे। उन पर सहकारी समिति मुरावन का अतिरिक्त प्रभार था। उस वक्त दोनों समितियों पर गबन हुआ था। इस पर सहकारी बैंक और पीसीएफ के अभिलेखों की जांच कराई गई। राजेंद्र पाल शर्मा ने अपनी समिति के मूल अभिलेख संस्था के वर्तमान सचिव बन्ने शाह और ब्रजेश सिंह को नहीं दिए थे। जब बैंक और पीसीएफ के अभिलेखों की जांच कराई गई तो सहकारी समिति सिठौली पर गेहूं और उर्वरक का करीब एक लाख 30 हजार रुपये गबन करने की बात सामने आई। इसके अलावा सहकारी समिति मुरावन में 99 हजार 400 रुपये का गबन किया गया। इसकी जांच रिपोर्ट सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक सहकारिता को सौंपी गई। उनके आदेश पर तत्कालीन सचिव राजेंद्र पाल शर्मा के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।