दबतोरी (बदायूं)। बिसौली कोतवाली के गांव दौलतपुर का एक परिवार जमीन में दबी अकूत माया हासिल करने के लालच में पांच लाख रुपये गंवा बैठा। ठगों ने तंत्र-मंत्र के नाम पर तीन महीने तक इस परिवार से काफी राशि ठग ली। तीन महीने बाद परिवार को ठगे जाने के बारे में पता लगा। दो शातिर ठग पुलिस के हत्थे चढ़ गए हैं। इनसे पूछताछ की जा रही है।
दौतलपुर गांव के जगवीर के घर तीन महीने पहले दो लोग हवन-पूजन के लिए चंदा मांगने पहुंचे। इनमें एक व्यक्ति ने जगवीर की हस्तरेखा देखकर उसे कई बातें बताईं। जगवीर ने झांसे में आकर 1500 रुपये चंदे में ले दिए। चंदा लेने वालों ने जगवीर का मोबाइल नंबर भी ले लिया। चार-पांच दिन बाद जगवीर को कॉल कर बताया कि उसके घर में अकूत माया छिपी है। इसकी रखवाली नाग-नागिन करते हैं। माया पाने के लिए उसे तंत्र-मंत्र कराने होंगे। ठगों ने तंत्र-मंत्र के लिए 80 हजार रुपये लेकर जगवीर को बरेली में रामगंगा पर बुलाया। झांसे में आकर जगवीर अपने भाई जगभान के साथ रकम लेकर पहुंच गया। यहां ठगों ने हवन किया। रुपये हवन में आहुति देने के नाम पर गायब कर दिए। इसके बाद दोनों भाइयों को अकूत माया पाने के लिए कई अन्य अनुष्ठान कराने को चार लाख रुपये जुटाने को कहा। इनको कछला भी बुलाया गया। दोनों भाइयों ने रुपये जुटाने के लिए तीन बीघा से ज्यादा जमीन बेच दी। बार-बार तंत्र-मंत्र अनुष्ठान के नाम पर रुपये ठगते रहे। जगभान को शक भी हुआ, लेकिन लालच में जगवीर ने एक न सुनी।
ठगों ने बृहस्पतिवार को इन लोगों को दो लाख रुपये लेकर बिल्सी के गांव गुधनी में बुलाया। जगभान को ठगी का शक हो चुका था। उसने जानकारी दबतोरी चौकी पर दे दी। दबतोरी चौकी इंचार्ज बृजकिशोर और सुभाष ने जाल बिछाकर प्रमोद उर्फ राधेश्याम और उसके बेटे विकास को दबोच लिया। अब इन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
चौकी स्टाफ ने इंस्पेक्टर को नहीं दी जानकारी
पांच लाख रुपये की ठगी के मामले में दबतोरी चौकी स्टाफ ने इंस्पेक्टर को जानकारी ही नहीं दी। अपने स्तर से ही पूरे मामले को रफा-दफा करने की कोशिश की जाती रही। इस संबंध में जब इंस्पेक्टर पंकज लवानिया से बात की गई तो उन्होंने पहले तो ऐसे किसी भी मामले से इंकार किया। बाद में चौकी प्रभारी से बात करने के बाद बताया कि हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ की जा रही है। उन्होंने कहा कि अगर ठगी हुई है तो रिपोर्ट दर्ज कर ठगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।