उझानी (बदायूं)। कादरचौक क्षेत्र में सड़क किनारे के पेड़ों को काटे जाने पर बमनौसी के ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। कई ग्रामीण मौके पर पहुंचे तो लकड़हारे पेड़ों का काटते मिले। तीन-चार पेड़ों को वह काट भी चुके थे। गुस्साए ग्रामीणों और लकड़हारों में कहासुनी हो गई। बाद में लकड़हारों को दौड़ाकर खदेड़ दिया गया।
बमनौसी-मौसमपुर मार्ग पर सड़क किनारे सैकड़ों की संख्या में चंदनिया, आम और अन्य प्रजातियों के पेड़ हैं। सुबह में करीब पांच-छह लकड़हारे उन्हें काटने के लिए पहुंचे। जिस स्थान पर पेड़ काटने शुरू किए गए, उसी से सटा खेत बमनौसी के व्यक्ति का है। बमनौसी निवासी सत्यवीर सिंह, कप्तान सिंह और सचिन आदि ग्रामीणों के साथ मौके पर पहुंचे तो लकड़हारों ने खेत मालिक से उन्हें खरीदे जाने की कहकर खुद का बचाव किया। इसे लेकर ग्रामीणों और लकड़हारों में कहासुनी हो गई। तब तक चार-पांच पेड़ों को काटा जा चुका था। गुस्साए ग्रामीणों ने लकड़हारों की कुल्हाड़ियों को छीनने की कोशिश की। ग्रामीणों ने बाद में लकड़हारों को जंगल की ओर दौड़ा दिया। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि खेत मालिक के पहुंचने तक कटे पड़े पेड़ों को उठाने नहीं दिया जाएगा। भाकियू नेता सत्यवीर सिंह ने बताया कि भदरौल चौकी इंचार्ज को फोन करके अवगत करा दिया गया है। खेत मालिक चूंकि बाहर है, सो फोन पर उसे भी जानकारी दी गई है।