बदायूं। ट्यूशन पढ़ने वाली नाबालिग से दुष्कर्म करने वाले शिक्षक को स्पेशल जज पॉक्सो एक्ट मचला अग्रवाल ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही दो लाख का आर्थिक दंड भी डाला है। इसमें से 75 फीसदी धनराशि पीड़ित को दिए जाने का भी आदेश दिया गया है।
गुरु-शिष्या के रिश्ते को कंलकित करने वाली यह घटना बिल्सी थाना क्षेत्र के एक गांव में नौ जनवरी 2014 को हुई थी। पुलिस में रिपोर्ट लिखाई गई थी कि ग्रामीण की बेटी जिसकी आयु करीब सात साल थी। वह एक गांव के पब्लिक स्कूल में कक्षा दो में पढ़ती थी। उसकी बेटी स्कूल के ही शिक्षक अनिल शर्मा से ट्यूशन भी पढ़ती थी। आरोप था कि घटना के दिन अनिल उसके घर आया और उसकी दो बेटियों को अपने स्कूल ट्यूशन पढ़ने की बात कहकर ले गया था। आरोपी अनिल ने छोटी बच्ची को तो कमरे से बाहर कर दिया और बड़ी बहन के साथ दुष्कर्म किया।
स्पेशल जज मचला अग्रवाल ने अभियोजन की ओर से एडीजीसी मदन लाल राजपूत और बचाव पक्ष के अधिवक्ता की दलीलों को सुनने के बाद आरोपी अनिल शर्मा को नाबालिग छात्रा से दुष्कर्म का दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। मुजरिम पर दो लाख का जुर्माना भी डाला गया है। इसमें से डेढ़ लाख रुपये अदा होने पर पीड़ित को दिए जाने का आदेश सुनाया है।