बदायूं। हत्या के एक साल पुराने मामले में अपर सत्र न्यायाधीश पूनम सिंघल ने पति-पत्नी दोषी करार दिया है। दोषियों को आजीवन कारावास की सजा के साथ ही 20-20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
बिसौली थाना क्षेत्र के गांव दिसौलीगंज निवासी ने 22 मार्च 2023 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया था कि पुत्र ज्ञानेंद्र उर्फ गणेश का गांव के ही संजीव के घर आना-जाना था। संजीव शक करने लगा था कि उसकी पत्नी से ज्ञानेंद्र के संबंध हैं।
कई बार संजीव ने ज्ञानेंद्र को धमकाया भी था। 20 मार्च 2023 को समय करीब साढ़े नौ बजे ज्ञानेद्र संजीव के घर गया था। कुछ ही देर बाद संजीव का फोन आया कि ज्ञानेंद्र मेरे घर पर पड़ा है, उसे ले जाओ। सूचना पर कुछ लोग मौके पर पहुंचे देखा तो ज्ञानेंद्र मृत अवस्था में पड़ा था। डॉक्टर को दिखाने बिसौली ले गए जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।
पुलिस ने संजीव और उसकी पत्नी पूनम के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर करते हुए दोनों को जेल भेज दिया। विवेचना के दौरान पुलिस ने राहुल नाम के व्यक्ति का भी नाम शामिल किया। विवेचक ने घटना से संबंधित सभी साक्ष्यों को संकलन करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल कर दिया। न्यायाधीश ने शनिवार को पत्रावली पर साक्ष्यों का अवलोकन किया और दंपति संजीव और पूनम को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। वहीं, राहुल की मौत हो चुकी है। संवाद
लूट के दोषी को पांच साल की सजा, दस हजार जुर्माना
बदायूं। लूट के 12 साल पुराने मामले में डकैती न्यायालय के विशेष न्यायाधीश योगेश कुमार ने दोषी को पांच साल की सजा सुनाई है। साथ ही दस हजार का जुर्माना भी लगाया है।
पिसनारी गांव निवासी रिषी पाल ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर 25 मार्च 2012 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया था कि शाम करीब सात बजे वादी व उसका भाई मुनीश, संजीव गुप्ता से अपने दूध के 28 हजार रुपये लेकर घर वापस आ रहे थे। तभी ग्राम नरौरी नरोरा व मानपुर के बीच यशवीर यादव ने अपने साथियों के साथ घेर लिया। इसी बीच लाठी डंडो से मारपीट कर 28 हजार रुपये लूट लिए। न्यायालय ने केस को परिवाद में दर्ज कर वादी पक्ष के गवाहों को तलब किया। न्यायाधीश ने पत्रावली पर साक्ष्यों का अवलोकन किया और सजा सुनाई है। संवाद