धरना स्थल पर पीड़ित महिला से बात करते सीएमएस डॉ कप्तान सिंह। संवाद
बदायूं। हाथ की कलाई की जगह कोहनी का एक्सरे करके कर्मचारियों ने गलत रिपोर्ट दे दी थी। आरोपियों पर कार्रवाई न होने से परेशान महिला आरती मालवीय आवास पर शनिवार को धरने पर बैठ गई। मामले को जब अमर उजाला ने प्राथमिकता से उठाया तो अधिकारियों की नींद टूटी। रविवार को सीएमएस डॉ. कप्तान सिंह धरना स्थल पर पहुंचे और मामले की पड़ताल की। महिला की बात सही पाए जाने पर उन्होंने पुन: मेडिकोलीगल कराने का आदेश दिया। न्याय मिलने पर महिला ने अपना धरना खत्म कर दिया।
सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के गांव रूपापुर की रहने वाली आरती ने बताया कि 29 मई को उसके ससुर रघुवीर और सास राजकुमारी ने उसके साथ लाठी-डंडे व लोहे की रॉड से मारपीट की थी। वह गंभीर रूप से घायल हो गई थी। पुलिस को तहरीर दी, जिस पर मारपीट की धारा में रिपोर्ट दर्ज की गई थी।
जिला अस्पताल में मेडिकल परीक्षण कराया गया था। डॉक्टर ने कलाई की जगह कोहनी की रिपोर्ट बनाकर दे दी। कोहनी में फ्रैक्चर नहीं था। अगर कलाई की रिपोर्ट दी जाती तो धाराओं में बढ़ोतरी पुलिस करती, लेकिन अब सादा रिपोर्ट देख कार्रवाई नहीं हो पा रही है। परेशान होकर आरती अपने पति बबलू के साथ मालवीय आवास पर धरने पर बैठ गई। रविवार को न्याय मिलने पर महिला ने धरना खत्म कर दिया।
मामला जब संज्ञान में आया तो उसकी जांच की गई। फार्मासिस्ट ने भूलवश कोहनी का एक्सरे लिख दिया था। महिला का परेशान होना जायज था। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुन: एक्सरे कराने के बाद रिपोर्ट बनवाने के आदेश दिए गए हैं। न्याय मिलने के बाद महिला संतुष्ट होकर घर चली गई। - डॉ. कप्तान सिंह, सीएमएस, जिला अस्पताल