बदायूं। जरीफनगर के संजय अपहरणकांड में थाना पुलिस लगातार छानबीन कर रही है। इसमें पुलिस को आरोपियों के खिलाफ कई साक्ष्य मिले हैं। सबसे बड़ा साक्ष्य सीसीटीवी फुटेज माना जा रहा है, जिससे पुलिस अपराधियों तक पहुंची थी और बालक को बरामद किया था। इसमें पुलिस आरोपियों के खिलाफ जल्द चार्जशीट लगा सकती है।
जरीफनगर थाना क्षेत्र के गांव समसपुर मलिकपुर फत्ता निवासी पांच वर्षीय संजय का 26 जून को दिनदहाड़े अपहरण कर लिया था। वह अपने भाइयों और पड़ोस के बच्चों के साथ खेत पर गया था। वहीं से नदी के पुल पर खेलने चला गया। उसी दौरान उसका बाइक सवार बदमाशों ने अपहरण कर लिया था।
पुलिस भी सीसीटीवी फुटेज खंगालते हुए बुलंदशहर तक पहुंच गई थी। वहां पुलिस को एक फुटेज में बाइक नंबर मिला था। उसके आधार पर पुलिस ने अमरोहा जिले के डिडौली थाना क्षेत्र के गांव इकौंधा निवासी राहुल सैनी के घर पर दबिश दी और बच्चे को वहां से बरामद कर लिया था। इसमें संभल जिले के बहजोई थाना क्षेत्र के गांव सिराजपुर निवासी नेत्रपाल 29 जून को पकड़ा गया था जबकि राहुल और बच्चा खरीदने वाला सलमान एक जुलाई को पकड़े गए। इसमें तीनों आरोपी जेल में हैं। अब थाना पुलिस उनके खिलाफ विवेचना कर रही है। इसमें साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर जल्द ही चार्जशीट लगाई जा सकती है।
अपहरणकर्ता की पहचान नहीं कर पाई पुलिस
बदायूं। उसावां कस्बे में सात वर्षीय आर्यन गुप्ता का मंगलवार रात अपहरण कर लिया गया था। गनीमत रही कि वह भागकर अपने घर आ गया। अन्यथा आरोपी उसे कहीं ले जा सकता था। पुलिस की छानबीन के दौरान एक सीसीटीवी फुटेज मिला है, लेकिन उसमें आरोपी का चेहरा दिखाई नहीं दे रहा है। इससे आरोपी का पता नहीं चला है। हालांकि पुलिस लगातार उसको तलाश करने का दावा कर रही है। संवाद