बदायूं। जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने के लिए तीन सचिवों की आईडी हैक की गई है। इसकी जानकारी मिलने पर तीनों सचिवों ने अधिकारियों को अवगत कराते हुए थानों में तहरीर दी है। उसावां थाने में रिपोर्ट दर्ज हो गई है। वहीं उझानी और मूसाझाग में रिपोर्ट दर्ज नहीं हो सकी है।
ग्रामीण क्षेत्राें में जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र सचिव बनाते हैं। जिले में फर्जी जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र बनाए जाने के मामले को शासन ने संज्ञान लिया। जांच के लिए शासन से डीएम को निर्देश दिए गए। जिले में आबादी से अधिक जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र बनाए गए हैं। इस मामले में सचिव नेम सिंह ने उसावां थाने में तहरीर दी। कहा कि उनकी आईडी हैक हुई है।
उनकी आईडी से फर्जी जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र बनाए गए हैं। इस पर सोमवार को रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। उझानी की सचिव शिखर गौड़ ने बताया कि फुलारी और दातागंंज के गांव सैजनी में भी इस तरह का मामला संज्ञान में आया है। उन्होंने उझानी और मूसाझाग थाने में तहरीर दी है, लेकिन एफआईआर दर्ज नहीं की गई है।
अफसरों ने बताया कि करीब 35 हजार जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र बनाए जाने का मामला है। हालांकि जांच होने के बाद में स्थिति स्पष्ट हो सकेंगी। संवाद