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गाजे-बाजे के साथ भाजपा प्रत्याशी जितेंद्र ने भरा पर्चा

Mon, 15 Feb 2016 08:45 PM IST
बदायूं
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 जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव की तरह निर्विरोध संपन्न होते नजर आ रहे चुनाव में भाजपा प्रत्याशी जितेंद्र सिंह यादव के नामांकन करा देने से अब सरगर्मियां तेज हो गई हैं। पूर्व एमएलसी जितेंद्र ने भाजपा पदाधिकारियों, समर्थकों और कार्यकर्ताओं की भीड़ और गाजे-बाजे के साथ नामांकन कराया। कार्यकर्ताओं के उत्साह को देखते हुए कलेक्ट्रेट पर भारी संख्या में पुलिसबल तैनात किया गया था।
पूर्व मंत्री भगवान सिंह शाक्य के आवास के सामने एकत्र हुए कार्यकर्ता पूर्व एमएलसी जितेंद्र और भाजपा पदाधिकारियों को फूलमालाएं पहनाकर नारेबाजी करते हुए कलक्ट्रेट गेट तक लेकर पहुंचे। उन्होंने कलक्ट्रेट तक जोरदार नारेबाजी की। इसके बाद जितेंद्र यादव ने नामांकन कराया। इस मौके पर क्षेत्रीय अध्यक्ष बीएल वर्मा ने कहा कि पार्टी कार्यकर्ताओं और जनता के उत्साह को देखते हुए इस चुनाव में भाजपा अपना परचम लहराएगी। जितेंद्र ने कहा कि बीते छह साल में उन्होंने ईमानदारी के साथ जनता की सेवा की है। इस बूते वह चुनाव में फिर उतरे हैं। नामांकन के दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष हरीश शाक्य, पूर्व मंत्री भगवान सिंह शाक्य, पूर्व विधायक प्रेमस्वरूप पाठक, महेशचंद्र गुप्ता, पूर्व एमएलसी भारत सिंह यादव, दयासिंधु शंखधार के साथ ही चेयरमैन राजीव गुप्ता, धीरेंद्र यादव, सुभाष गुप्ता, रवेंद्रपाल सिंह, अशोक भारती, राणा प्रताप सिंह, राजेश्वर पटेल, हरिओम पाराशरी, दीपमाला गोयल, मनोज मसीह, अरविंद वाल्मीकि, मेजर कैलाश, रामवीर सिंह, दुर्गेश वार्ष्णेय, सुधीर, शिवकुमार, धर्मेंद्र शाक्य, उमेश सिंह आदि मौजूद रहे।
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...और भाजपा से नहीं मिला वाकओवर
बदायूं। विधान परिषद सदस्य पद के चुनाव में कांग्रेस और बसपा ने तो पहले ही हथियार डाल दिए थे। भाजपा की ओर से उम्मीदवार उतरने के संकेत मिले थे। पार्टी ने पूर्व विधायक प्रेमस्वरूप पाठक को कंडीडेट बनाने को लगभग ग्रीन सिग्नल दे दिया था, लेकिन ऐन वक्त ने पाठक नेे चुनाव लड़ने से हाथ खड़े कर दिए। उनके इस फैसले से पार्टी फिर बैकफुट पर आ गई। ऐसी स्थिति में सपा उम्मीदवार बनवारी सिंह यादव का निर्विरोध चुना जाना लगभग तय था। भाजपा कार्यकर्ता ये नहीं चाहते थे कि जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव की तरह फिर सपा को तश्तरी में रखकर सीट दे दी जाए। आखिरी वक्त पूर्व एमएलसी जितेंद्र यादव से संपर्क किया गया। यादव भी बसपा के सताए हुए थे, सो उन्होंने भी इस मौके पर लपकने में एक मिनट का भी समय जाया नहीं किया। रविवार को आनन फानन में प्रदेश हाईकमान को सूचना देकर जितेंद्र को स्थानीय स्तर पर ही पार्टी की सदस्यता दिलाई गई। सोमवार को गाजे-बाजे के साथ उनका नामांकन करा दिया। अब चुनाव तय है।
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