यातायात की क्लॉस में छात्र और छात्राओं को बताया गया कि बिना हेल्मेट बाइक-स्कूटी चलाने से फायदा कतई नहीं बल्कि नुकसान अधिक होता है। मामूली सा एक्सीडेंट भी सिर में गंभीर चोट पहुंचा कर जानलेवा साबित हो सकता है। सामूहिक रूप से शपथ लेते हुए छात्र और छात्राओं ने कहा कि वह 18 साल से पहले वाहन नहीं चलाएंगे। वयस्क होने के बाद ड्रइविंग करने पर टू-व्हीलर पर हेल्मेट और फोर- व्हीलर चलाते वक्त सीट बेल्ट का इस्तेमाल करेंगे। रफ्तार पर नियंत्रण, पैदल और साइकिल सवारों को सम्मान, वाहन संचालन के दौरान सेलफोन का इस्तेमाल और स्टंट नहीं करने भी उन्होंने संकल्प लिया।
प्रधानाचार्य सुशील कवि ने यातायात की क्लॉस में कहा कि वाहनों की संख्या में तेजी से इजाफा होने के बाद भी ज्यादातर लोगों को नियमों की जानकारी नहीं होती। यह वजह है कि एक्सीडेंट से मृत्युदर में इजाफा होने लगा है। यातायात नियमों की क्लॉस में अमित शर्मा, अरयुण सक्सेना, सोमेश सक्सेना, सुनील टपरियाल, अमित सक्सेना, सोमेश मिश्रा, रामदर्शन शर्मा, अतुल वार्ष्णेय, बी.पाल, कृत्या राठौर, तुषा, नीना टपरियाल, कुसुम अग्रवाल, अंजू गुलाटी, मेहरुनिंशा, फरहा परवीन, गुंजन मोहश्वरी, अंशू, प्रीति राजपूत, दीक्षा शर्मा और प्रियंका अदलक्खा आदि ने विचार रखे।