‘संकोच को करें मन से दूर, खुलकर परिजन से करें बात’
- फोटो : अमर उजाला, बरेली
बदायूं। उझानी सीओ विनय कुमार द्विवेदी ने कहा कि मौजूदा समय में साइबर क्राइम की काफी घटनाएं सामने आ रहीं हैं। इसमें सबसे ज्यादा क्राइम लोगों की फेसबुक आईडी, व्हाट्सएप आदि की वजह से हो रहे हैं। कभी-कभी जाने अनजाने में इस पर महिलाओं, लड़कियों की ओर से अपने पर्सनल डाटा अपलोड कर दिया जाता है। जिसका असामाजिक तत्व गलत उपयोग करते हैं। ऐसे में सभी को सोशल मीडिया का इस्तेमाल करते समय बेहद सतर्कता बरतने की जरूरत है।
वह अमर उजाला फाउंडेशन के अपराजिता-100 मिलियन स्माइल्स कार्यक्रम के तहत शनिवार को ऐस इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी में ‘साइबर क्राइम: सतर्क रहेंगे तो बचेंगे’ विषय पर आयोजित जागरूकता कार्यक्रम में छात्राओं को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि छात्राओं को संकोच करने की जरूरत नहीं है, खुलकर परिजन से वार्ता करें। उन्हें अपनी समस्याएं बताएं। छात्राएं मां को अपनी सबसे अच्छी दोस्त बनाएं, ताकि उनसे सारी बातों को शेयर कर सकें। सीओ ने छात्राओं को समझाया कि वे सोशल मीडिया का इस्तेमाल बेहद सतर्कता के साथ करें। कभी भी अपनी सिंगल फोटो को साझा न करें। जब भी करें, तो परिजन के साथ के ही अपलोड करें। फेसबुक आदि के अकाउंट में कभी अपना नंबर आदि नहीं डालना चाहिए।
कॉलेज के डायरेक्टर रचित गोयल ने छात्राओं को बताया कि सोशल मीडिया आज के समय में जरूरी है, क्योंकि पढ़ाई से संबंधित बहुत सी जरूरी जानकारी इस पर मुहैया होती है, लेकिन इस पर पसर्नल डाटा अपलोड नहीं करना चाहिए। इसे केवल जरूरत के मुताबिक ही उपयोग करना चाहिए। इस मौके पर प्राचार्य डॉ. मनोज अग्रवाल, डॉ. योगेश चौधरी, डॉ. रूमाना असलम आदि मौजूद रहे।