वजीरगंज (बदायूं)। थाना क्षेत्र के गांव दूवों में कांवड़ियों पर हुए हमले के मामले में रात आठ बजे तक एफआईआर दर्ज नहीं हो सकी। इससे कांवड़ियों ने पुलिस से नाराज होकर मुरादाबाद-फर्रुखाबाद हाईवे पर जाम लगा दिया। करीब बीस मिनट तक यातायात बाधित रहा। हालांकि इसके बाद एसपी देहात उन्हें समझाने में कामयाब हो गए। उन्होंने आश्वासन दिया कि हमलावरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। किसी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।
लहरा लाड़पुर के सभी कांवड़िया दूवों गांव में हमले के बाद वजीरगंज थाने आ गए थे। हालांकि करीब एक घंटे तक उन्होंने गांव के बाहर भी प्रदर्शन किया था। वहां चार थानों की पुलिस और एसपी देहात सिद्धार्थ वर्मा पहुंच गए थे। उन्होंने घटनास्थल पर ही कांवड़ियों को आश्वासन दिया था कि हमलावरों के खिलाफ मामला दर्ज किया जाएगा। उन्हें गिरफ्तार करके जेल भेजा जाएगा। उनके आश्वासन पर सभी कांवड़िया मान गए और वजीरगंज थाने आ गए लेकिन वजीरगंज पुलिस ने मामले को हल्के में ले लिया। उनकी ओर से कार्रवाई करने में देरी कर दी।
इससे कांवड़िया गुस्साकर मुरादाबाद-फर्रुखाबाद हाईवे पर आ गए। उसी समय हिंदू संगठनों के तमाम कार्यकर्ता भी पहुंच गए। फिर उन्होंने हाईवे पर जाम लगा दिया। इससे थाना पुलिस बैकफुट पर आ गई। पुलिस के समझाने पर कांवड़िया नहीं माने। यहां भी एसपी देहात पहुंच गए। उन्होंने समझाया कि मामला दर्ज किया जा रहा है। इसमें कोई चूक की गुंजाइश नहीं है। तब कहीं कांवड़िया शांत हुए और जाम खुलवाया जा सका।
कांवड़िया बोले- हमलावरों ने दी धमकी, दोबारा आए तो जान से मार देंगे
कांवड़ियों ने बताया कि वे तो शांतिपूर्वक आ रहे थे। उनके डीजे में भजन चल रहे थे। दूसरे समुदाय के लोगों ने भजन बंद कराने को धमकी दी और उन पर हमला बोल दिया। उन्हें यह भी धमकी दी कि अगर दोबारा इधर से गुजरे तो जान से मार देंगे।
दो सिपाहियों ने बचाए कांवड़िया
हमले के दौरान थाना पुलिस के दो सिपाही दूवों गांव पहुंच गए थे। उस वक्त दूसरे समुदाय के लोग उन पर पथराव करते हुए गांव के बाहर दौड़ा रहे थे लेकिन थाने के दोनों सिपाहियों ने मोर्चा संभाल लिया। वे कांवड़ियों को बचाकर दूर ले गए। तब कहीं कांवड़ियों की जान बच सकी।
देर रात एसडीएम बिसौली पहुंचीं
रात करीब आठ बजे एसडीएम बिसौली ज्योति शर्मा भी वजीरगंज थाने पहुंच गईं। उन्होंने कांवड़ियों से घटना के बारे में जानकारी ली और उन्हें आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया।
दूवों गांव में पुलिस व पीएसी तैनात
कांवड़ियों पर हमले के बाद दूवों गांव में पुलिस और पीएसी को तैनात कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि हमलावर गांव से भाग गए हैं। उनके घरों पर केवल महिलाएं बची हैं। हमले के बाद पुलिस ने गांव में जाकर दबिश भी दी। दो-तीन आरोपियों के पकड़े जाने की सूचना है।
इनके खिलाफ दी गई तहरीर
लहरा लाड़पुर निवासी कांवड़िया ओमप्रकाश ने वर्तमान प्रधान के बेटे रेहान, पूर्व प्रधान बाबू, दानिश, आरिफ, नासिर, चंदा, आसिफ, भूरा, जाहिद, निगार, दाऊद, शाबिर, जीशान, असलम, छुट्टन, मोहम्मद रफी, अनवर, सालिम, दन्ना, वासिव, फिरासत, खचेड़ा, आरिफ, महताब, शाहिद आदि को नामजद करते हुए कुछ अज्ञात के खिलाफ तहरीर दी है।