बदायूं। न्यायिक मजिस्ट्रेट सहसवान के आदेश पर धोखाधड़ी के मामले में दंपती के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने विवेचना शुरू कर दी है।
सहसवान कस्बे के मोहल्ला जहांगीराबाद निवासी रामकिशोर ने बताया कि वह अनपढ़ व्यक्ति है। उसने व दुर्गेश ने मिलकर भानुप्रताप से इको कार खरीदी थी। 1.90 लाख रुपये उसने और 46,796 रुपये दुर्गेश ने अदा किए। 12 किस्ते दुर्गेश काे ही अदा करनी थी। तय था कि किस्तें जमा हाेने के बाद गाड़ी वह नाम करा देगा। इसकी लिखापढ़ी स्टांप पर कराई गई थी।
दुर्गेश ने उसके अनपढ़ होने का फायदा उठाकर स्टांप पर अपनी पत्नी दिव्या शर्मा की साजिश से गाड़ी अपने नाम करा ली। उसको खरीदार न बनाकर गवाह बना दिया। अब दुर्गेश 1.90 लाख रुपये भी नहीं दे रहा है। पुलिस को शिकायती पत्र दिया, लेकिन रिपोर्ट नहीं लिखी गई। परेशान होकर न्यायालय का सहारा लिया। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने दुर्गेश व उसकी पत्नी के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना शुरू की है।