उसहैत। थानाक्षेत्र के गांव बरैनियां में सोमवार शाम शौच को गई युवती के पैर फिसलने से वह सोत नदी में गिर गई। इससे नदी में डूबने से उसकी मौत हो गई। मंगलवार सुबह गोताखोरों ने युवती का शव बाहर निकाला। युवती की मौत से परिजनों में कोहराम मचा है।
गांव बरैनियां निवासी रजनेश सोमवार शाम सोत नदी किनारे खेत पर मक्का की कटाई कर रहे थे। उनके साथ उनकी बड़ी बेटी नीरज (19), नीतू व कीर्ति भी मौजूद थीं। इसी बीच नीरज के पेट में दर्द उठा। वह अपनी बहनों को बताकर नदी किनारे शौच करने चली गई। इसी बीच पैर फिसलने से वह नदी गिर गई। इससे वह डूब गई। नीरज काफी देर तक खेत पर नहीं लौटी। इससे पिता व बहनों को उसकी चिंता हुई। वे लोग उसे देखने नदी किनारे तलाश करने पहुंचे। जहां उसका कोई सुराग नहीं लगा।
पिता ने बेटी के नदी में डूबने की आशंका जताई। इसके बाद गांव के गोताखोरों को बुलाया। उसकी नदी में तलाश कराई। लेकिन उसका कोई सुराग नहीं लगा। देर शाम होने की वजह से तलाश बंद कर दी गई। मंगलवार सुबह परिजन गोताखोरों को लेकर फिर से नदी किनारे पहुंचे। करीब दो घंटे की खोजबीन के बाद युवती का शव नदी से बरामद हो गया। इससे परिजनों में कोहराम मच गया। परिजनों ने बताया कि नीरज पांच बहन भाइयों में सबसे बड़ी थी। परिजनों ने शव का पोस्टमॉर्टम नहीं कराया है। परिजनों ने कटरा सआदतगंज गंगा घाट पर युवती के शव का अंतिम संस्कार कर दिया है। एसओ विक्रम सिंह ने बताया कि युवती के डूबने की सूचना मिली थी। परिजनों ने पोस्टमॉर्टम कार्रवाई से मना कर दिया था।