बदायूं। यूरोपियन पॉवर लिफ्टिंग चैंपियनशिप में तीन गोल्ड जीतकर वर्ल्ड रिकार्ड बनाने वाले यहां के खिलाड़ी रजत गोयल का घर आने पर शनिवार को उनका शहरवासियों और खिलाड़ियों ने स्वागत किया।
रजत ने हॉलेंड में आयोजित चैंपियनशिप में यूरोप के 12 देशों के खिलाडिय़ों को मात देकर क्लासिक रॉ 110 किलोग्राम वजन वर्ग में बेहतर प्रदर्शन कर तीन वर्ग में 600 किलोग्राम वजन उठाकर भारत का प्रतिनिधित्व किया। रजत ने सफलता का श्रेय बदायूं में कोच रहे सुभाष शर्मा, दिल्ली के भूपेंद्र धवन, पिता सुबोध गोयल, मां साधना गोयल, भाई रचित को दिया है। रजत ने कहा कि पॉवर लिफ्टिंग में हर कोई आसानी से एंट्री कर सकता है। इसके लिए लगन और निरंतर प्रयास करते रहने की जरूरत है। वहीं, यूरोपियन पावर लिफ्टिंग में रजत ने तीन गोल्ड मेडल जीतकर देश का नाम तो रोशन किया पर उनके फिटनेस सेंटर में साथ रहने वालीं ट्रेनी बिंदिया शर्मा, अभिषेक मिश्रा और उनके परिवार वालों के मन में सरकार से इस उपलब्धि के लिए सम्मान न मिलने की टीस है। बिंदिया शर्मा ने कहा कि विदेश में जाकर वर्ल्ड रिकॉर्ड कायम कर देश का प्रतिनिधित्च करने के बाद भी सरकार की तरफ से अभी तक कोई सम्मान नहीं मिला है। इससे बॉडी बिल्डिरों में हताशा का संदेश जाता है।